नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से बढ़ी उड़ानों की रफ्तार: लखनऊ से बेंगलुरु तक सीधे सफर की सुविधा, NCR को मिला नया एविएशन हब

ग्रेटर नोएडा/जेवर। लंबे इंतजार के बाद शुरू हुआ नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट अब धीरे-धीरे देश के प्रमुख शहरों से सीधे जुड़ता जा रहा है। एयरपोर्ट से नियमित घरेलू उड़ानों का नेटवर्क तेजी से विस्तार कर रहा है, जिससे दिल्ली-एनसीआर, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, हरियाणा और राजस्थान के लाखों यात्रियों को बड़ा लाभ मिलने लगा है।

एयरपोर्ट से अब लखनऊ, चंडीगढ़, जयपुर, धर्मशाला, जम्मू, अमृतसर, नवी मुंबई, पंतनगर, मुंबई, हैदराबाद, जोधपुर, बेंगलुरु, भोपाल सहित कई शहरों के लिए नियमित उड़ान सेवाएं संचालित की जा रही हैं। इसके अलावा आने वाले महीनों में श्रीनगर, देहरादून, बरेली, किशनगढ़ और अन्य शहरों को भी नेटवर्क में शामिल किए जाने की तैयारी है।

नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट ने 15 जून 2026 से वाणिज्यिक संचालन शुरू किया था। शुरुआती चरण में बेंगलुरु, लखनऊ, हैदराबाद, अमृतसर और जम्मू जैसे शहरों के लिए उड़ानें शुरू की गईं। इसके बाद जुलाई से एयरपोर्ट ने अपने नेटवर्क और उड़ानों की संख्या में तेजी से वृद्धि की है।

इन शहरों के लिए उपलब्ध हैं उड़ानें

वर्तमान में एयरपोर्ट से जिन प्रमुख शहरों के लिए उड़ानें संचालित हो रही हैं उनमें शामिल हैं—

  • लखनऊ
  • चंडीगढ़
  • जयपुर
  • धर्मशाला
  • जम्मू
  • अमृतसर
  • नवी मुंबई
  • मुंबई
  • पंतनगर
  • हैदराबाद
  • बेंगलुरु
  • भोपाल
  • जोधपुर
  • श्रीनगर
  • देहरादून
  • बरेली
  • किशनगढ़

इनमें से अधिकांश उड़ानों का संचालन प्रमुख एयरलाइंस इंडिगो और अकासा एयर द्वारा किया जा रहा है।

यात्रियों को मिलेगा बड़ा फायदा

अब नोएडा, ग्रेटर नोएडा, गाजियाबाद, बुलंदशहर, अलीगढ़, मथुरा, आगरा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के अन्य जिलों के यात्रियों को दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे तक जाने की आवश्यकता नहीं होगी। इससे यात्रा का समय और खर्च दोनों कम होंगे।

यमुना एक्सप्रेसवे के किनारे स्थित होने के कारण एयरपोर्ट सड़क मार्ग से भी आसानी से पहुंच योग्य है। एयरपोर्ट तक पहुंचने के लिए शटल बस, टैक्सी और अन्य सार्वजनिक परिवहन सेवाओं को भी विकसित किया जा रहा है।

उड़ानों की संख्या में लगातार हो रहा इजाफा

एयरपोर्ट प्रबंधन के अनुसार शुरुआती दिनों में सीमित उड़ानों के साथ संचालन शुरू किया गया था, लेकिन अब प्रतिदिन उड़ानों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। जुलाई 2026 से एयरपोर्ट का नेटवर्क लगभग तीन गुना तक विस्तारित किया गया है और प्रतिदिन 40 से अधिक उड़ानों के संचालन का लक्ष्य रखा गया है।

आर्थिक गतिविधियों को मिलेगा बढ़ावा

विशेषज्ञों का मानना है कि एयरपोर्ट के विस्तार से यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में निवेश, उद्योग, पर्यटन और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। होटल, लॉजिस्टिक्स, वेयरहाउसिंग और रियल एस्टेट सेक्टर को भी इसका सीधा लाभ मिलेगा। एयरपोर्ट को भविष्य में दिल्ली-एनसीआर के दूसरे बड़े एविएशन हब के रूप में विकसित किए जाने की योजना है।

भविष्य में शुरू होंगी अंतरराष्ट्रीय उड़ानें

फिलहाल एयरपोर्ट से घरेलू उड़ानों का संचालन किया जा रहा है, लेकिन आने वाले चरणों में अंतरराष्ट्रीय उड़ान सेवाएं भी शुरू की जाएंगी। इससे नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट उत्तर भारत के सबसे महत्वपूर्ण हवाई केंद्रों में शामिल हो जाएगा।

 

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