Massive explosion at CNG pump: नई दिल्ली, दिल्ली के बाहरी इलाके टिकरी कलां में बुधवार दोपहर एक सीएनजी पंप पर भीषण विस्फोट हो गया। गैस सिलेंडरों से भरे ट्रक में सीएनजी भरते समय अचानक धमाका हुआ, जिससे आग लग गई। इस हादसे में पंप का एक कर्मचारी मारा गया, जबकि पांच अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी हालत गंभीर बताई जा रही है।
घटना टिकरी कलां मेट्रो स्टेशन के पास स्थित इंद्रप्रस्थ गैस एजेंसी का सीएनजी स्टेशन पर हुई। पुलिस और दमकल विभाग के अनुसार, सूचना दोपहर करीब 3:37 से 3:46 बजे के बीच मिली। एक ट्रक पंप पर सीएनजी भरवाने आया था। रीफिलिंग के दौरान ट्रक में लगे सिलेंडर में अचानक जोरदार विस्फोट हो गया। धमाके की आवाज दूर-दूर तक सुनाई दी और पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। पंप पर मौजूद लोग भगदड़ मचाते हुए सुरक्षित स्थानों की ओर भागने लगे।
मृतक वह कर्मचारी बताया जा रहा है, जो उस समय ट्रक में गैस भरने का काम कर रहा था। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, विस्फोट के तुरंत बाद आग लग गई। दमकल विभाग ने तुरंत कई गाड़ियां (वॉटर टेंडर, फायर ब्रिगेड टेंडर और क्विक रिस्पॉन्स व्हीकल) मौके पर भेजीं। अधिकारियों में एडीओ राजीव सिन्हा, एसटीओ राजेंद्र और स्टेशन ऑफिसर सुभाष शामिल थे। आग पर काबू पा लिया गया और घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया।
आउटर दिल्ली के डीसीपी के अनुसार, छह घायलों में से एक की बाद में मौत हो गई, जबकि बाकी की हालत गंभीर है। पुलिस और फॉरेंसिक टीमें मौके पर पहुंच चुकी हैं। जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि विस्फोट गैस लीकेज, सिलेंडर की तकनीकी खराबी, या रीफिलिंग प्रक्रिया में किसी लापरवाही के कारण हुआ। अधिकारियों ने ट्रक और पंप के उपकरणों की जांच शुरू कर दी है। यह घटना दिल्ली में सीएनजी संबंधी हादसों की श्रृंखला में एक और गंभीर मामला है। इससे पहले भी शहर के विभिन्न इलाकों में सीएनजी सिलेंडर या पाइपलाइन संबंधी दुर्घटनाएं हो चुकी हैं, जिनमें सुरक्षा मानकों और रखरखाव पर सवाल उठे थे। विशेषज्ञों का कहना है कि उच्च दबाव वाले गैस सिलेंडरों की रीफिलिंग के दौरान सख्त सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन अनिवार्य है।
पुलिस ने इलाके को सील कर दिया है और प्रत्यक्षदर्शियों से पूछताछ जारी है। जांच पूरी होने तक हादसे का सटीक कारण स्पष्ट नहीं हो पाया है। घायलों के इलाज और मृतक के परिजनों की मदद पर प्रशासन का फोकस है। यह दुखद घटना एक बार फिर याद दिलाती है कि दिल्ली जैसे व्यस्त शहर में गैस संबंधी इंफ्रास्ट्रक्चर की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने की जरूरत है। अधिकारियों से उम्मीद की जा रही है कि जांच जल्द पूरी होगी और दोषी पाए जाने पर कार्रवाई की जाएगी।

