जापान का सपना अधूरा रह गया, गोल्ड जीतकर लौटे पैरा एथलीट की साथी खिलाड़ी ने की बेरहमी से हत्या, आरोपी गिरफ्तार

दोस्ती के आवरण में पला बदले का जहर, पिस्तौल से गोली मारी, चेहरा भी कुचला; CCTV ने खोली हत्यारे की पोल

देश के लिए अंतरराष्ट्रीय मंच पर तिरंगा लहराने का सपना देखने वाले 24 वर्षीय होनहार पैरा एथलीट चिराग त्यागी अब इस दुनिया में नहीं रहे। मात्र दो दिन पहले ही बेंगलुरु में राष्ट्रीय पैरा एथलेटिक्स प्रतियोगिता की 400 मीटर दौड़ में स्वर्ण पदक जीतने वाले इस युवा खिलाड़ी की गोली मारकर हत्या कर दी गई। इस जीत के बाद उनका चयन अक्टूबर में जापान में होने वाले पैरा एशियन गेम्स के लिए हुआ था। लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। बेंगलुरु की 8वीं इंडियन ओपन पैरा एथलेटिक्स प्रतियोगिता में स्वर्ण व रजत पदक जीतकर घर लौट रहे चिराग का शव गाजियाबाद के साईं उपवन में शनिवार दोपहर मिला।

ऐसे मिला शव — बुरी तरह कुचला गया था चेहरा

गाजियाबाद के थाना शहर (कोतवाली नगर) क्षेत्र के साईं उपवन में शनिवार देर शाम अंतरराष्ट्रीय पैरा एथलीट चिराग त्यागी की हत्या कर दी गई। उनका शव साईं उपवन में संदिग्ध हालत में पाया गया। पुलिस को दोपहर तीन बजे के बाद सूचना मिली कि गाजियाबाद के साईं कुंज इलाके में एक युवक का शव पड़ा हुआ है। सूचना मिलते ही पुलिस की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस उपायुक्त धवल जायसवाल के अनुसार, चिराग को पीठ में गोली मारने के बाद उसका चेहरा बुरी तरह कुचल दिया गया था। मौके से चिराग का एक मोबाइल फोन मिला, जबकि दूसरा फोन गायब था। शव की पहचान होने के बाद परिजन मौके पर पहुंचे और उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। परिवार में अभी जीत का जश्न था, और अचानक मातम छा गया।

घर से हॉस्टल जाने की बात कहकर निकले थे, फिर नहीं लौटे

परिजनों के अनुसार, चिराग घर से यह कहकर निकले थे कि वह हॉस्टल जा रहे हैं। इसके बाद काफी देर तक उनका कोई संपर्क नहीं हो पाया। मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार उनकी गर्लफ्रेंड उन्हें लेने रेलवे स्टेशन पर इंतजार कर रही थी, लेकिन वे कभी नहीं पहुंचे। इसी बीच साईं उपवन में शव मिलने की सूचना आई। प्रारंभिक जांच में पुलिस ने हत्या के पीछे पेशेवर दुश्मनी, प्रेम संबंध और पैसों के लेनदेन इन तीनों एंगल से जांच शुरू की थी। लेकिन जल्द ही सीसीटीवी ने असली कहानी उजागर कर दी।

CCTV से खुला राज — साथी खिलाड़ी यश खटीक ने की हत्या

पुलिस ने घटनास्थल और उसके आसपास के इलाकों के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। फुटेज की जांच में एक संदिग्ध की पहचान यश खटीक के रूप में हुई। पुलिस ने यश खटीक को हिरासत में लिया और कड़ी पूछताछ में उसने चिराग त्यागी की हत्या करने की बात स्वीकार कर ली। चिराग की हत्या करने वाला यश खटीक उनका ही एक पुराना साथी पैरा खिलाड़ी है। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह भी एक पैरा ओलंपिक खिलाड़ी है और पहले चिराग त्यागी के साथ ही स्कूल में खेल की प्रैक्टिस किया करता था। ये दोनों खिलाड़ी ‘ब्लाइंड कैटेगरी’ के तहत एथलेटिक्स प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेते थे।

बदले की आग — शिकायत से रद्द हुई थी क्वालिफिकेशन

यश ने पुलिस को बताया कि कुछ समय पहले डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के एक मामले में चिराग त्यागी ने यश खटीक के खिलाफ शिकायत दर्ज करा दी थी। इस शिकायत की वजह से यश की क्वालिफिकेशन रद्द हो गई और वह खेल प्रतियोगिता से बाहर हो गया। इसी बात से नाराज यश के सिर पर बदला लेने का जुनून सवार था। उसने एक पिस्तौल का इंतजाम किया और मौका पाकर चिराग की हत्या कर दी। अर्थात एक तरफ जिंदगी की सबसे बड़ी जीत और भारत को गर्वान्वित करने का अवसर था, और दूसरी तरफ एक कुंठित साथी के दिल में पलता बदले का जहर। अंत में नफरत जीत गई, और देश ने एक उभरता सितारा खो दिया।

खिलाड़ी का शानदार सफर — दुबई से बेंगलुरु तक

चिराग त्यागी ने कई बार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत का गौरव बढ़ाया। दुबई 2026 पैरा एथलेटिक्स ग्रां प्री में पुरुषों की 100 मीटर टी36 स्पर्धा में कांस्य पदक अपने नाम किया था। राष्ट्रीय पैरा एथलेटिक्स चैंपियनशिप में भी उन्होंने 100 मीटर में रजत और 400 मीटर में स्वर्ण पदक जीतकर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया था। लगातार उत्कृष्ट प्रदर्शन के दम पर उन्होंने एशियाई पैरा खेलों के लिए क्वालिफाई किया था। चिराग त्यागी गाजियाबाद के मुरादनगर क्षेत्र के बसंतपुर सैंथली गांव के रहने वाले थे और देश के उभरते हुए पैरा खिलाड़ियों में से एक थे। शारीरिक सीमाओं के बावजूद उन्होंने जो मुकाम हासिल किया था, वह हजारों युवाओं के लिए प्रेरणा था।

पुलिस की जांच जारी — पिस्तौल अभी भी बरामद नहीं

गाजियाबाद के पुलिस उपायुक्त धवल जायसवाल ने बताया कि आरोपी यश खटीक को हिरासत में लेकर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। हत्या में इस्तेमाल की गई पिस्तौल को बरामद करने के लिए पुलिस की टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं। पुलिस इस एंगल पर भी जांच कर रही है कि क्या इस वारदात में यश के साथ कोई और भी शामिल था। पुलिस ने परिजनों की तहरीर पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है, जिसकी रिपोर्ट मौत के सटीक कारण और समय की पुष्टि करेगी।

परिवार टूटा, खेल जगत में शोक

चिराग त्यागी ने अपनी कमजोरी को ही अपनी ताकत बना लिया था। विकलांगता को पराजित कर अंतरराष्ट्रीय मंच पर जाने का यह सफर अचानक थम गया। परिवार ने हत्यारे को कड़ी से कड़ी सजा देने की मांग की है। चिराग के कजिन आशीष त्यागी ने कहा कि वो पूरी तरह खेल और देश की सेवा में समर्पित था उसके जीवन में ईर्ष्या या दुश्मनी की कोई जगह नहीं थी। खेल जगत में इस हत्याकांड ने गहरा आघात पहुंचाया है। सोशल मीडिया पर लोगों ने शोक व्यक्त किया और दोषी को कड़ी सजा देने की मांग उठाई।

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