चुनाव आयोग का बड़ा फैसला: SIR प्रक्रिया में सुधार, दिल्ली-महाराष्ट्र में बढ़ाई गई दावे-आपत्तियां दर्ज कराने की तारीख

नई दिल्ली: भारत निर्वाचन आयोग (ECI) की पूर्ण पीठ (Full Commission) की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में मतदाता सूचियों के निरंतर अद्यतनीकरण (Continuous Updation), विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR), आईटी प्रणालियों (ECINET) की समीक्षा और मतदाताओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए कई अहम फैसले लिए गए।  

1. SIR प्रक्रिया और घर-घर जाकर सत्यापन (Door-to-Door Verification)

 बीएलओ करेंगे घर का दौरा: जिन व्यक्तियों को SIR के दौरान अनमैप्ड (unmapped) या तार्किक विसंगतियों (logical discrepancies) के कारण नोटिस जारी किया गया है, बीएलओ (BLO) उनके घर जाकर दस्तावेज एकत्र करेंगे और उन्हें ECINET पर अपलोड करेंगे।  

 दफ्तरों के चक्कर काटने की जरूरत नहीं: ऐसे मतदाताओं को ईआरओ (ERO) या एईआरओ (AERO) कार्यालय में व्यक्तिगत सुनवाई (hearing) के लिए बुलाने की आवश्यकता नहीं होगी।  

 ऑनलाइन सुनवाई की सुविधा: केवल असाधारण परिस्थितियों में ही ऑनलाइन सुनवाई आयोजित की जाएगी। इसके लिए यदि आवश्यक हो तो मतदाता परिवार के किसी भी वयस्क सदस्य को अपनी ओर से सुनवाई में शामिल होने के लिए अधिकृत कर सकता है।  

2. दिल्ली और महाराष्ट्र में तिथियों का विस्तार

 दिल्ली: मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO Delhi) के अनुरोध पर, दावे और आपत्तियां (claims & objections) दाखिल करने की समय-सीमा को 30 अक्टूबर 2026 तक बढ़ा दिया गया है। वहीं, इन नोटिसों और दावों के निस्तारण की अवधि को 30 नवंबर 2026 तक विस्तारित किया गया है।  

 महाराष्ट्र: मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO Maharashtra) के अनुरोध पर, दावे एवं आपत्तियां दाखिल करने की अंतिम तिथि 12 अक्टूबर 2026 और उनके निस्तारण की अंतिम तिथि 10 नवंबर 2026 तय की गई है।  

3. रात के आश्रयों और बेघर लोगों के लिए विशेष शिविर

 जिला निर्वाचन अधिकारियों (DEOs) को निर्देश दिए गए हैं कि वे रैनबसेरों (night shelters), मजदूरों, गरीबों और बेघर लोगों के नामांकन के लिए पर्याप्त सहायता डेस्क (help desks) और विशेष शिविर (special camps) आयोजित करें।  

4. ECINET और IT सिस्टम की समीक्षा

 आयोग ने स्पष्ट किया कि फील्ड अधिकारियों के पास उनकी वैधानिक शक्तियों के आधार पर ECINET सिस्टम का रोल-बेस्ड एक्सेस रहेगा।  

 सीनियर उप चुनाव आयुक्त (Sr. DEC) की अध्यक्षता में एक समिति का गठन किया गया है, जिसमें IIT/IIIT के एक स्वतंत्र विशेषज्ञ शामिल होंगे। यह समिति ECINET की समीक्षा करेगी ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि यह सभी नियमों और अधिनियमों के अनुरूप काम कर रहा है।  

5. छूटे हुए मतदाताओं और युवाओं के लिए विशेष अभियान

 SIR प्रक्रिया बिहार और पश्चिम बंगाल सहित 20 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में पूरी हो चुकी है।  

 जो लोग SIR के दौरान छूट गए हैं या नए/युवा मतदाता हैं, वे निरंतर अद्यतनीकरण प्रक्रिया के तहत संबंधित ERO के पास नाम जुड़वाने के लिए आवेदन कर सकते हैं।  

 गोवा के सीईओ ने छूटे हुए मतदाताओं से फॉर्म-6 एकत्र करने के लिए घर-घर जाकर अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं।  

6. प्रशासनिक और आंतरिक निर्देश

 आयोग की सभी बैठकों का एजेंडा पहले ही वितरित किया जाएगा और मिनट्स जारी किए जाएंगे।  

 अधिकारियों के वार्षिक प्रदर्शन मूल्यांकन रिपोर्ट (APARs) हर साल 31 दिसंबर तक पूरे किए जाएंगे।  

 अधिकारियों की विदेश यात्राओं के लिए आयोग की पूर्व अनुमति अनिवार्य होगी।  

यह प्रेस नोट आयोग के उप निदेशक पी. पवन (P Pawan) के हस्ताक्षर से जारी किया गया है और इसे पूर्ण आयोग का अनुमोदन प्राप्त है।

 

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