दिल्ली में फिर नाबालिग पर दरिंदगी: महरौली में फुटपाथ पर सो रही 10-11 वर्षीय बच्ची का अपहरण, बलात्कार के बाद हत्या; कैब ड्राइवर गिरफ्तार 

दिल्ली की राजधानी एक बार फिर जघन्य अपराध की घटना से शर्मसार हो गई है। साउथ दिल्ली के महरौली इलाके में फुटपाथ पर अपने परिवार के साथ सो रही 10-11 वर्षीय नाबालिग बच्ची को एक कैब ड्राइवर ने सोमवार तड़के अपहरण कर लिया। आरोपी ने बच्ची के साथ बलात्कार किया और उसके बाद निर्मम हत्या कर शव को दिल्ली-गुरुग्राम सीमा के पास जंगल में फेंक दिया। दिल्ली पुलिस ने मात्र 4-6 घंटे के अंदर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार, घटना सोमवार सुबह करीब 5 बजे की है। पीड़िता परिवार के साथ महरौली में फुटपाथ पर रहती थी। माता-पिता दिहाड़ी मजदूरी करते हैं और बच्ची सड़क पर गुब्बारे बेचकर परिवार की मदद करती थी। परिवार मूल रूप से बिहार का रहने वाला है। आर्थिक तंगी के कारण पहले किराए के मकान से निकलकर फुटपाथ पर रहने को मजबूर हुए। परिवार में चार बच्चे हैं। बच्ची के गायब होने की सूचना मिलते ही परिजनों ने महरौली थाने में शिकायत दर्ज कराई। PCR कॉल पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची और तुरंत जांच शुरू कर दी। पुलिस ने इलाके के दर्जनों CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली, हरियाणा की ओर जाने वाले रास्तों पर नजर रखी और स्थानीय सूचनाओं (ह्यूमन इंटेलिजेंस) का सहारा लिया। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपी की पहचान हुई, जिसका नाम बबलू बताया जा रहा है। वह करीब 25 वर्षीय है, एप-बेस्ड कैब चलाता है और बिहार का रहने वाला है। उसके खिलाफ पहले भी कुछ मामले दर्ज हैं। आरोपी को सोमवार देर रात गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में उसने जुर्म कबूल लिया। पुलिस ने बच्ची का शव जंगल क्षेत्र से बरामद किया और पोस्टमॉर्टम के लिए सफदरजंग अस्पताल की मोर्चरी भेज दिया। आज परिजन मोर्चरी पहुंचे जहां कानूनी औपचारिकताएं पूरी की गईं। दिल्ली पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की हत्या और बलात्कार संबंधी धाराओं तथा POCSO एक्ट की प्रासंगिक धाराओं के तहत FIR दर्ज की है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि अपराध में कोई और व्यक्ति शामिल तो नहीं था। आरोपी से गहन पूछताछ जारी है।

यह घटना दिल्ली में बाल सुरक्षा और महिलाओं-बच्चों की सुरक्षा को लेकर उठ रहे सवालों को फिर तीखा बनाती है। फुटपाथ पर रहने वाले गरीब परिवारों की असुरक्षा और तेजी से अपराधियों तक पहुंचने वाली पुलिस की कार्यवाही दोनों पहलू इस मामले में उभरे हैं। पुलिस आयुक्तालय ने मामले की निगरानी के निर्देश दिए हैं। परिजनों में गुस्सा और मातम का माहौल है। सामाजिक संगठन और स्थानीय लोग न्याय की मांग कर रहे हैं। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि जांच पूर्ण निष्पक्षता से की जाएगी और आरोपी को सख्त सजा दिलाई जाएगी। जांच अभी जारी है। आगे की जानकारी मिलते ही सूचित किया जाएगा। यह घटना समाज के लिए चेतावनी है कि बच्चों की सुरक्षा को लेकर सतर्कता बरती जाए।

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