सुशासन बाबू का 20 साल का शासनकाल समाप्त: बिहार राजनीति में ऐतिहासिक बदलाव! मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मंगलवार दोपहर करीब 3:20 बजे राजभवन जाकर मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा सौंप दिया। राज्यपाल सैयद अता हुसैन को मंत्रिमंडल भंग करने की सिफारिश भी कर दी गई। इसके साथ ही नीतीश कुमार के करीब दो दशक लंबे शासन का अंत हो गया और NDA गठबंधन में सत्ता परिवर्तन की राह साफ हो गई।
इस्तीफे के बाद क्या?
कल यानी 15 अप्रैल 2026 को सुबह 11 बजे पटना के लोकभवन में नए मुख्यमंत्री और मंत्रिमंडल की शपथ ग्रहण समारोह होगा। सूत्रों और लाइव अपडेट्स के अनुसार, भाजपा के सम्राट चौधरी बिहार के पहले भाजपा मुख्यमंत्री बनने जा रहे हैं। बीजेपी विधायक दल की बैठक में उनका नाम लगभग तय माना जा रहा है और अंतिम फैसला दिल्ली से आया है। जेडीयू कोटे से दो डिप्टी सीएम बन सकते हैं—विजय चौधरी और बिजेंद्र यादव के नाम सबसे मजबूत दावेदार हैं। नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार इस सरकार पर सस्पेंस बरक़रार है।
घटनाक्रम की समयरेखा
·आज सुबह: नीतीश कुमार ने आखिरी कैबिनेट बैठक की। दोपहर: बीजेपी के वरिष्ठ नेता नितिन नवीन, शिवराज सिंह चौहान, विजय सिन्हा और सम्राट चौधरी सीएम आवास पहुंचे। बंद लिफाफे में नए CM का नाम लेकर नीतीश के साथ लोकभवन गए। 3:20 बजे: इस्तीफा सौंपा गया। कल 11 बजे: शपथ ग्रहण।
राजनीतिक प्रतिक्रियाएं
NDA की कुल ताकत 202 विधायकों की है (भाजपा 89, JDU 85, LJPR 19, HAM 5, RLM 5)। विपक्षी राजद ने इसे “भाजपा की साजिश” बताया। राजद विधायक भाई वीरेंद्र ने कहा, “भाजपा सहयोगियों को निगल जाती है, जेडीयू अब खत्म होने की राह पर है।” शिवसेना (UBT) सांसद संजय राउत ने भी तंज कसा। वहीं, नीतीश के करीबी जीतन राम मांझी ने भावुक पोस्ट कर कहा कि नीतीश ने बिहार को समृद्ध बनाया।
पटना में सुरक्षा चाक-चौबंद
सीएम आवास, लोकभवन और आसपास दो लेयर बैरिकेडिंग की गई है। मीडिया और आम लोगों पर पाबंदी लगा दी गई है। बीजेपी प्रदेश कार्यालय में विधायक दल की बैठक चल रही है, जहां आम कार्यकर्ताओं को एंट्री नहीं दी जा रही। यह बदलाव बिहार की राजनीति में नया अध्याय लिखेगा। नीतीश कुमार अब राज्यसभा सदस्य के रूप में दिल्ली में सक्रिय रहेंगे, जबकि सम्राट चौधरी के नेतृत्व में नई सरकार NDA की मजबूत बहुमत वाली सरकार बनेगी। अपडेट्स के लिए बने रहें, क्या कल की शपथ ग्रहण में कोई सरप्राइज होगा?
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