नोएडा एयरपोर्ट पर पहली बार उतरे रूसी सेना के 3 सैन्य विमान, पुतिन के भारत दौरे और ब्रिक्स समिट की तैयारियों से जुड़ा मामला

नोएडा (जेवर)। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर इतिहास रचते हुए पहली बार विदेशी सैन्य विमान उतरे हैं। रूसी सेना के तीन सैन्य विमान मंगलवार सुबह करीब 5:30 बजे एयरपोर्ट के रनवे पर उतरे। इनमें रूसी मिलिट्री ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट आईएल-76 भी शामिल था। नए एयरपोर्ट पर किसी भी विदेशी विमान की यह पहली लैंडिंग है। इन विमानों में रूसी सेना की एडवांस टीम और सैन्य अधिकारी भारत आए हैं। बुधवार को भी तीनों हवाई जहाज एयरपोर्ट के रनवे पर पूरे दिन खड़े रहे। एयरपोर्ट के सुरक्षा अधिकारी और रूसी टीमें विमानों की निगरानी व सुरक्षा व्यवस्था संभाल रही हैं।

इस लैंडिंग को रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के आगामी भारत दौरे और 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की तैयारियों से जोड़कर देखा जा रहा है। माना जा रहा है कि राष्ट्रपति पुतिन का विमान भी नोएडा एयरपोर्ट पर उतर सकता है। एयरपोर्ट प्रबंधन इसकी तैयारियों में जुटा हुआ है।18वां ब्रिक्स शिखर सम्मेलन नई दिल्ली के भारत मंडपम में 12 और 13 सितंबर को आयोजित होगा। इसमें कई देशों के राष्ट्राध्यक्ष शामिल होंगे, जिनमें रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन भी हैं। पुतिन की द्विपक्षीय वार्ता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से 11 सितंबर को होने की उम्मीद है।

अब तक विदेशी सैन्य विमानों की लैंडिंग ज्यादातर दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर होती थी। नोएडा एयरपोर्ट पर इन विमानों के उतरने से विदेशी राष्ट्रपति के विमान के यहां उतरने की संभावना और बढ़ गई है। सैन्य विमानों की लैंडिंग अंतरराष्ट्रीय प्रोटोकॉल से जुड़ी है।एयरपोर्ट पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। यह घटना नोएडा एयरपोर्ट के लिए महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित हुई है, क्योंकि हाल ही में शुरू हुए इस एयरपोर्ट पर अब अंतरराष्ट्रीय स्तर के उच्च-स्तरीय आवागमन की तैयारी दिख रही है।

यह भी पढ़ें: जीबीयू छात्र नोटिस मामला: सुप्रीम कोर्ट की फटकार के बाद विभागीय जांच शुरू, ADCP बने जांच अधिकारी

यहां से शेयर करें