Noida Airport Elevated Expressway: नोएडा, नोएडा एयरपोर्ट को दिल्ली और हरियाणा से सीधे जोड़ने के लिए एक अत्यंत महत्वपूर्ण और महत्वाकांक्षी परियोजना को गति मिल गई है। नोएडा में बनने वाले 50 किलोमीटर लंबे एलिवेटेड एक्सप्रेसवे के रूट डिज़ाइन को नोएडा प्राधिकरण ने बुधवार को अंतिम रूप दे दिया है। इस परियोजना के पूरा होने से न केवल दिल्ली-एनसीआर के निवासियों का सफर सुगम होगा, बल्कि नोएडा एयरपोर्ट तक पहुंचना भी बेहद आसान हो जाएगा।
रूट में बदलाव और डिजाइन को अंतिम रूप
उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग से यमुना तटबंध पर क्लीयरेंस न मिलने के कारण एलिवेटेड एक्सप्रेसवे के एलाइनमेंट में आंशिक बदलाव किया गया है। अब इसे यमुना तटबंध से पांच मीटर दूर नोएडा की ओर फाइनल किया गया है। यह छह लेन का एक्सप्रेसवे होगा, जिसके बनने से नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे पर लगने वाले ट्रैफिक जाम से बड़ी राहत मिलेगी। प्राधिकरण के सीईओ कृष्ण करुणेश ने बताया कि इस डिज़ाइन को एनएचएआई (NHAI) की कंसल्टेंट कंपनी ने प्रस्तुत किया था। एनएचएआई के प्रस्ताव पर नोएडा प्राधिकरण ने रूट को पूरी तरह फाइनल कर दिया है। यह एक्सप्रेसवे दिल्ली के अक्षरधाम के पास मेरठ-दिल्ली एक्सप्रेसवे से शुरू होगा।
किन क्षेत्रों के लोगों को मिलेगा सीधा लाभ?
इस एक्सप्रेसवे के बनने से दिल्ली के मयूर विहार, अक्षरधाम, पड़पड़गंज, कालिंदी कुंज और सरिता विहार जैसे प्रमुख क्षेत्रों के लोगों के लिए नोएडा एयरपोर्ट की यात्रा सीधी और सुगम हो जाएगी। इसके अलावा, मंजवाली पुल से सीधी कनेक्टिविटी मिलने से फरीदाबाद के निवासियों के लिए भी एयरपोर्ट तक पहुंचना बेहद सरल हो जाएगा।
परियोजना की मुख्य विशेषताएं एवं लागत:
संभावित लागत: इस पूरी परियोजना पर लगभग 4,000 करोड़ रुपये की लागत आने का अनुमान है।
निर्माण और रखरखाव: इस एक्सप्रेसवे का निर्माण और रखरखाव एनएचएआई द्वारा किया जाएगा।
लंबाई और मार्ग: इसमें सेक्टर-94 से यमुना तटबंध के किनारे 120 मीटर चौड़ी सड़क जोड़ी जाएगी, जिसमें नोएडा का हिस्सा लगभग 27 किलोमीटर का होगा।
डीपीआर और आगे की प्रक्रिया: रूट फाइनल होने के बाद अब इसकी विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार की जा रही है, जिसके तुरंत बाद मिट्टी की बियरिंग क्षमता (Load Testing) का परीक्षण किया जाएगा।
51.84 करोड़ रुपये से होगा एलिवेटेड रोड पर लूप का निर्माण
अलग से एक अन्य खबर के अनुसार, नोएडा के सेक्टर-41 अगाहपुर से सेक्टर-82 तक बनने वाले भांगेल एलिवेटेड रोड के लिए लूप (Loop) निर्माण की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों की मांग तथा बेहतर यातायात व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए यह बड़ा निर्णय लिया गया है।
लागत और लक्ष्य: इस लूप के निर्माण पर 51.84 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। अगस्त 2028 तक इस कार्य को पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
किन सेक्टरों को मिलेगा लाभ?
सेक्टर-76, दादरी, एक्सप्रेसवे और सेक्टर-37 की तरफ वाहनों की आवाजाही सुगम होगी।
सेवन-एक्स (Seven-X) समेत 10 से अधिक सेक्टरों को जोड़ने के लिए लूप का निर्माण होने से सेक्टर-74 से 79 की 49 सोसाइटियों में रहने वाले करीब 3 लाख लोग तथा 101, 104, 107, 119, 120, 121 के 29 सोसाइटियों के 1 लाख लोग लाभान्वित होंगे।
इसके अलावा सेक्टर-42, 47, 48, 49 और हाजीपुर, बरीला, सलाहपुर गांव भी एलिवेटेड से सीधे जुड़ जाएंगे।
वर्तमान स्थिति: वरिष्ठ प्रबंधक रोहित सिंह ने बताया कि इसके लिए प्राइस बिड खोल दी गई है और निविदा प्रकाशित हो चुकी है। लूप बन जाने से एलिवेटेड पर चढ़ने और उतरने की समस्या हमेशा के लिए खत्म हो जाएगी

