गौतमबुद्धनगर पुलिस का अलर्ट: श्रमिक दिवस के मद्देनजर गौतमबुद्धनगर में भारी पुलिस तैनाती, 30 अप्रैल से 8 मई तक धारा 163 लागू

गौतमबुद्धनगर पुलिस का अलर्ट: अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस (1 मई) के पूर्वाभास में गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट क्षेत्र में कानून‑व्यवस्था बनाए रखने के लिए व्यापक सुरक्षा प्रबंध शुरू कर दिए गए हैं। पुलिस कमिश्नर श्रीमती लक्ष्मी सिंह के निर्देशन में जोनल‑सेक्टर प्रणाली के तहत पूरे कमिश्नरेट को 11 जोन और 49 सेक्टर में बांटकर टारगेटेड तरीके से जवान तैनात किए गए हैं, ताकि श्रमिकों के धरना‑प्रदर्शनों की स्थिति में भी शहर की शांति भंग न हो सके।

जोनल सिस्टम और बड़ी पुलिस तैनाती

कमिश्नरेट को तीन प्रमुख जोन–नोएडा, सेंट्रल नोएडा और ग्रेटर नोएडा में बांटा गया है। नोएडा को 4 जोन व 16 सेक्टर, सेंट्रल नोएडा को 3 जोन व 24 सेक्टर और ग्रेटर नोएडा को 4 जोन व 9 सेक्टर में विभाजित किया गया है। इसी ढांचे के तहत उत्तर प्रदेश के अन्य जनपदों से करीब 600–700 अतिरिक्त जवान ड्यूटी पर लगाए गए हैं–06 एसपी रैंक, 14 अपर पुलिस अधीक्षक, 30 क्षेत्राधिकारी (Dy.SP), 65 निरीक्षक, 400 उपनिरीक्षक, 150 महिला उपनिरीक्षक, 900 मुख्य आरक्षी/आरक्षी, 200 महिला मुख्य आरक्षी/आरक्षी और 10 कंपनी PAC जवान तैनात किए गए हैं। इसके अतिरिक्त दो डीसीपी, तीन एडिशनल डीसीपी और चार एसीपी रैंक के अधिकारी भी लगातार ड्यूटी पर हैं। पुलिस व्यवस्थापन में विशेष रूप से महिला पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों का बड़ा योगदान रहेगा, जिन्हें औद्योगिक इकाइयों, बहुराष्ट्रीय कंपनियों, लघु औद्योगिक क्षेत्रों तथा प्रमुख चौराहों पर व्यवस्थित तैनाती दी गई है। कई पुलिस मोबाइल पार्टी भी तैनात की गई हैं, जो क्षेत्र में भ्रमणशील रहकर लगातार निगरानी करेंगी।

ड्रोन, सीसीटीवी और कंट्रोल रूम की भूमिका

शहर की निगरानी के लिए ड्रोन और सीसीटीवी कैमरों के जाल का विस्तार किया गया है। लगभग 50 से अधिक महत्वपूर्ण स्थानों, औद्योगिक इकाइयों और प्रमुख चौराहों पर ड्रोन के माध्यम से घनी निगरानी की जा रही है, जबकि अन्य मुख्य स्थलों पर सीसीटीवी कैमरों की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। कमिश्नरेट में स्थापित कंट्रोल रूम में एक राजपत्रित अधिकारी की नियुक्ति की गई है, जो सीसीटीवी और अन्य सर्विलांस सिस्टम से कम से कम लगातार निगरानी रखेंगे और किसी भी अनियमितता या तनाव की स्थिति में त्वरित निराकरण की व्यवस्था सुनिश्चित करेंगे। पब्लिक एड्रेस (PA) सिस्टम के माध्यम से उच्चाधिकारी उत्तर प्रदेश शासन द्वारा जारी दिशा‑निर्देशों के बारे में आमजन को निरंतर अवगत करा रहे हैं, ताकि लोग अपनी गतिविधियों को कानूनी सीमा के भीतर रखें।

धारा 163 लागू, श्रमिक आंदोलन की रोकथाम

पुलिस प्रशासन ने श्रमिक आंदोलन और धरना‑प्रदर्शन की संभावना को देखते हुए भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता‑2023 की धारा 163 (पूर्व में धारा 144) कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर के संपूर्ण क्षेत्र में दिनांक 30 अप्रैल 2026 से 8 मई 2026 तक लागू कर दी है। इस दौरान बिना अनुमति 5 या अधिक लोगों का एक साथ जमावड़ा, अनुमति रहित धरना‑प्रदर्शन, जुलूस और अन्य सामूहिक आयोजन पर प्रतिबंध रहेगा, और उल्लंघनकर्ताओं के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यह निर्णय नोएडा‑ग्रेटर नोएडा के औद्योगिक क्षेत्रों में हाल के दिनों में हुए श्रमिक प्रदर्शन और उसके बाद प्रशासन के दखल के संदर्भ में लिया गया है, जिसमें राज्य सरकार ने न्यूनतम मजदूरी में उछाल की घोषणा भी की है।

आमजन के लिए संदेश

पुलिस कमिश्नरेट की ओर से स्पष्ट संदेश दिया गया है कि उक्त समस्त पुलिस व्यवस्थापन का उद्देश्य आमजन में सुरक्षा का विश्वास बढ़ाना, जनजीवन को सुचारु और शांतिपूर्ण बनाए रखना तथा श्रमिक–अधिकारियों–प्रशासन के बीच संतुलन बनाए रखना है। कमिश्नरेट ने नागरिकों से अपील की है कि वे कानून का पालन करें, अफवाहों और उकसावों में न आएं और श्रमिक दिवस को शांतिपूर्ण ढंग से मनाएं।

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