मेरठ के मुंडाली क्षेत्र के मुरलीपुर गांव में माँ मीनाक्षी ने अपने ही लाल रुद्रांश की हत्या की; बीमारी का बहाना बनाकर दफनाया शव, अब पोस्टमार्टम के लिए प्रशासन की मंजूरी का इंतजार
उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले से एक ऐसी दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है, जिसे पढ़कर हर किसी की रूह काँप उठेगी। मुंडाली थाना क्षेत्र के मुरलीपुर गांव में सात महीने के मासूम रुद्रांश की मौत ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। जिस मौत को शुरुआत में एक सामान्य बीमारी का नतीजा समझकर परिवार ने दफना दिया था, पुलिस जांच में अब सामने आया है कि मासूम की मौत के पीछे कोई और नहीं बल्कि उसकी अपनी माँ बताई जा रही है।
घटना का खुलासा: कैसे उठा पर्दा
30 मई को रुद्रांश की अचानक मौत की खबर से परिवार में मातम छा गया था। उस समय घर में माँ मीनाक्षी अकेली थी। उसने परिजनों को बताया कि बच्चे की तबीयत अचानक बिगड़ गई, जिसके कारण उसकी जान चली गई। परिवार ने बिना किसी शक के बच्चे का अंतिम संस्कार कर दिया। लेकिन समय के साथ जैसे-जैसे पड़ताल आगे बढ़ी, संदेह की सुइयाँ माँ की तरफ मुड़ने लगीं। जहां घर के लोग बेटे के निधन से टूट चुके थे, वहीं माँ का रवैया असामान्य रूप से शांत बताया गया। इस असामान्य व्यवहार ने परिजनों के मन में संदेह पैदा किया और मामला पुलिस तक पहुँचा।
पंचायत तक पहुँचा था पारिवारिक विवाद
जांच के दौरान सामने आया कि पति-पत्नी के रिश्तों में काफी समय से तनाव चल रहा था। महिला के एक युवक से पुराने संबंधों को लेकर परिवार में विवाद हो चुका था और इस मुद्दे पर पंचायत तक बैठ चुकी थी। इसी कारण गाँव-समाज में उसकी छवि खराब हो चुकी थी और परिवार की नाराजगी उसके साथ थी। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, महिला ने पूछताछ में स्वीकार किया कि वह अपने प्रति परिवार की नाराजगी कम करना चाहती थी और लोगों की सहानुभूति हासिल करने के लिए उसने यह खौफनाक कदम उठाया। यानी अपने ही नवजात बेटे की जान लेकर वह परिवार और समाज की आँखों में ‘बेचारी माँ’ बनना चाहती थी।
प्रेमी दिल्ली फरार, पुलिस टीम रवाना
इस पूरे मामले में महिला के कथित प्रेमी की भूमिका की जांच भी जोरों पर है। उसके कथित प्रेमी की तलाश में पुलिस टीम दिल्ली भेजी गई है। मुंडाली पुलिस का कहना है कि आरोपी महिला को हिरासत में लेकर गहन पूछताछ की जा रही है और जांच के सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर कार्रवाई की जा रही है।
कब्र से निकलेगा शव, होगी पोस्टमार्टम जाँच
इस पूरे मामले में सबसे अहम कड़ी अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट होगी। अब दफनाए गए मासूम के शव को बाहर निकालकर पोस्टमार्टम कराने की तैयारी है। हालांकि इसके लिए जिला प्रशासन की औपचारिक अनुमति का इंतजार किया जा रहा है। आदेश मिलते ही मजिस्ट्रेट की निगरानी में शव को निकालकर मेडिकल जांच कराई जाएगी। पोस्टमार्टम की रिपोर्ट ही यह तय करेगी कि रुद्रांश की मौत प्राकृतिक थी या हत्या।
मेरठ बना अपराध की नई राजधानी?
यह घटना मेरठ में ऐसे कई मामलों की कड़ी में जुड़ती है जहाँ परिजन ही परिजन के हत्यारे बने। इससे पहले मेरठ का ‘नीला ड्रम कांड’ भी देश भर में चर्चा का विषय बना था, जिसमें 3 मार्च 2025 की रात मेरठ के ब्रह्मपुरी क्षेत्र में मर्चेंट नेवी अधिकारी सौरभ राजपूत की निर्मम हत्या कर दी गई थी। उस मामले में भी पत्नी और प्रेमी की साजिश सामने आई थी। मुरलीपुर का यह ताजा मामला उससे भी ज्यादा क्रूर इसलिए है क्योंकि इसमें शिकार एक बेजुबान, सात माह का दुधमुंहा बच्चा है, जिसकी माँ ने ही उसकी साँसें छीन लीं।
पुलिस की सख्त कार्रवाई जारी
मुंडाली थाना पुलिस ने आरोपी महिला मीनाक्षी को हिरासत में लेकर मामले में धारा 302 (हत्या) सहित अन्य धाराओं में कार्रवाई की तैयारी कर ली है। उच्च अधिकारियों की निगरानी में जाँच चल रही है। फरार प्रेमी की गिरफ्तारी के बाद ही पूरी साजिश का खुलासा हो सकेगा।

