Noida bar association strike: नोएडा। शहरवासियों को राहत देने के मकसद से शासन ने हर रविवार को रजिस्ट्रार कार्यालय खोलने का आदेश दिया था, ताकि जो लोग कार्य दिवसों में दफ्तर या अन्य व्यस्तताओं के चलते रजिस्ट्री नहीं करा पाते, वे छुट्टी के दिन यानी रविवार को भी अपनी रजिस्ट्री संबंधी काम निपटा सकें। लेकिन धरातल पर तस्वीर कुछ और ही है। 19 अप्रैल से अब तक करीब एक माह में 15 शनिवार और 15 रविवार बीत चुके हैं, मगर एक भी दिन रजिस्ट्री नहीं हो सकी है। 25 जुलाई को इस क्रम का 16वां शनिवार है, जब रजिस्ट्री विभाग में कामकाज पूरी तरह ठप रहा।
इसकी सबसे बड़ी वजह है नोएडा बार एसोसिएशन की हड़ताल। एसोसिएशन अध्यक्ष प्रवीण डेढ़ा के मुताबिक, जब से शासन ने हर रविवार दफ्तर खोलने का निर्णय लिया, तभी से अधिवक्ता इसके विरोध में हैं। इस विरोध के चलते वकीलों ने न सिर्फ रविवार, बल्कि हर शनिवार को भी काम बंद रखने का फैसला किया है। लगातार जारी इस हड़ताल का सीधा असर राजस्व विभाग की आमदनी पर पड़ रहा है, जिससे अधिकारियों की चिंता भी बढ़ गई है। विभागीय अधिकारियों ने कई बार वकीलों को मनाने की कोशिश की, लेकिन अब तक कोई हल नहीं निकल सका।
क्यों कर रहे हैं वकील विरोध, जानें वजह
बार एसोसिएशन अध्यक्ष प्रवीण डेढ़ा का कहना है कि रविवार को रजिस्ट्री कार्यालय खोलने का निर्णय न तो कर्मचारियों, न अधिवक्ताओं और न ही आम नागरिकों के हित में है। उनका तर्क है कि रजिस्ट्री से जुड़े कई कामों में नकद लेनदेन की जरूरत पड़ती है, लेकिन रविवार को बैंक बंद रहते हैं। इसके अलावा अन्य संबंधित सरकारी विभाग भी रविवार को निष्क्रिय रहते हैं, जिससे रजिस्ट्री से जुड़ी प्रक्रियाएं पूरी करने में अधिवक्ताओं और आम लोगों को परेशानी होती है। एसोसिएशन की मांग है कि सरकार इस निर्णय को वापस ले।
शासन ने किस मकसद से लिया था फैसला
नए आदेश के तहत तैयार रोस्टर व्यवस्था के अनुसार सब-रजिस्ट्रार कार्यालय दोपहर एक बजे से रात आठ बजे तक खुलता है। सेक्टर-33 स्थित उप निबंधन कार्यालय में तीन सब-रजिस्ट्रार तैनात हैं, जहां 19 अप्रैल से यह रोस्टर व्यवस्था लागू की गई। शासन का तर्क था कि नोएडा में कामकाजी लोगों की संख्या अधिक है और उन्हें रजिस्ट्री कराने के लिए विशेष अवकाश लेना पड़ता है। इसी परेशानी को दूर करने के लिए रविवार को भी कार्यालय खोलने का फैसला लिया गया। बता दें कि नोएडा में तीन, जबकि ग्रेटर नोएडा, दादरी और जेवर में एक-एक सब-रजिस्ट्रार कार्यालय संचालित हैं।
“हम रविवार को दफ्तर खुलने का विरोध कर रहे हैं, यह न तो अधिवक्ताओं के हित में है, न ही शहरवासियों के हित में है। रविवार को कार्यालय खुलने का विरोध जारी रहेगा।”
— प्रवीण डेढ़ा, अध्यक्ष, नोएडा बार एसोसिएशन
“सरकार ने शहरवासियों की राहत के लिए रविवार को कार्यालय खोलने का निर्णय लिया है। पहले रविवार को कभी-कभी शिविर लगाकर रजिस्ट्री होती थी, अब हर रविवार रजिस्ट्रियां हो सकेंगी।”
— अरुण कुमार शर्मा, एआईजी-प्रथम, स्टांप एवं निबंधन विभाग, गौतमबुद्ध नगर

