स्विट्जरलैंड में अमेरिका-ईरान उच्च-स्तरीय वार्ता समाप्त: 60 दिनों में अंतिम समझौते का रोडमैप, लेकिन लेबनान और हॉर्मुज पर तनाव बरकरार

कतर और पाकिस्तान की मध्यस्थता में स्विट्जरलैंड के ब्यूर्गेनस्टॉक रिसॉर्ट में अमेरिका और ईरान के बीच उच्च-स्तरीय वार्ता का पहला दौर सोमवार को समाप्त हो गया। वार्ता में तनावपूर्ण शुरुआत के बावजूद दोनों पक्षों ने 60 दिनों के भीतर अंतिम समझौते की दिशा में रोडमैप पर सहमति जताई है। तकनीकी स्तर की बैठकें इस सप्ताह जारी रहेंगी। वार्ता की शुरुआत रविवार को हुई थी, लेकिन ईरान द्वारा स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज को फिर से बंद करने की घोषणा और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की कड़ी धमकियों ने माहौल को तनावपूर्ण बना दिया। ईरानी मीडिया के अनुसार, ट्रंप की टिप्पणियों के बाद ईरानी प्रतिनिधिमंडल ने बातचीत कक्ष छोड़ दिया, हालांकि पाकिस्तानी और कतरी मध्यस्थों के माध्यम से संदेशों का आदान-प्रदान जारी रहा। ट्रंप ने फॉक्स न्यूज को बताया कि उन्होंने ईरानी अधिकारियों को चेतावनी दी, “अगर तुमने स्ट्रेट बंद किया तो तुम्हारा देश नहीं बचेगा।” उन्होंने आगे कहा कि अगर 60 दिनों में सौदा नहीं हुआ तो अमेरिका स्ट्रेट पर नियंत्रण कर टोल वसूल सकता है। इसके बावजूद, अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने वार्ता में सकारात्मक माहौल की बात की और लेबनान में शत्रुता समाप्त करने की प्रगति का जिक्र किया।

मुख्य सहमतियां

कतर और पाकिस्तान की संयुक्त विज्ञप्ति के अनुसार:

दोनों पक्ष 60 दिनों में अंतिम समझौते की दिशा में रोडमैप पर सहमत हुए। लेबनान में लड़ाई समाप्त करने के लिए तंत्र स्थापित किया गया। वाणिज्यिक जहाजों के लिए हॉर्मुज स्ट्रेट में सुरक्षित मार्ग सुनिश्चित करने के लिए संचार लाइन खोली गई। ईरान को तेल और पेट्रोकेमिकल निर्यात पर छूट, कुछ फ्रोजन एसेट्स की रिहाई और पुनर्निर्माण योजना की शुरूआत मिली। ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराकची ने सोशल मीडिया पर कहा कि उनकी टीम ने इन मुद्दों पर सफलता हासिल की है। अमेरिकी पक्ष ने भी बातचीत को रातभर और अगले दिन जारी रखने की पुष्टि की, जिसमें हॉर्मुज, लेबनान, परमाणु मुद्दे और MoU (मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग) के कार्यान्वयन पर चर्चा हुई।

पृष्ठभूमि और चुनौतियां

यह वार्ता अप्रैल में हुए अस्थायी युद्धविराम को 60 दिनों के लिए बढ़ाने वाले MoU का हिस्सा है। ईरान ने लेबनान में इजराइल के हमलों का हवाला देते हुए हॉर्मुज स्ट्रेट को फिर बंद किया था, जिससे वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति प्रभावित हुई। अमेरिकी और ईरानी स्रोतों ने चर्चाओं के अलग-अलग ब्यौरे दिए, लेकिन मध्यस्थों ने प्रगति की पुष्टि की।

तेल कीमतें वार्ता में प्रगति की खबर के बाद गिरावट पर लौट आईं, हालांकि शुरुआती तनाव के कारण अस्थिरता बनी रही। लेबनान में युद्धविराम के बावजूद इजराइल-हिजबुल्लाह संघर्ष जारी है, जो पूरे क्षेत्रीय शांति प्रयासों के लिए चुनौती बना हुआ है।

आगे का रास्ता

उच्च-स्तरीय चर्चाएं सोमवार को समाप्त हुईं, लेकिन तकनीकी टीमों की बैठकें सप्ताह भर जारी रहेंगी। दोनों पक्ष परमाणु कार्यक्रम, प्रतिबंधों और MoU के पूर्ण कार्यान्वयन पर आगे बातचीत करेंगे।यह वार्ता मध्य पूर्व में शांति की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है, लेकिन ट्रंप की आक्रामक टिप्पणियां, लेबनान की स्थिति और हॉर्मुज की सुरक्षा जैसे मुद्दे भविष्य की चुनौतियां बने हुए हैं। कतर और पाकिस्तान जैसे मध्यस्थों की भूमिका निर्णायक साबित हो रही है।

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