Digital harassment on the rise in Noida and Greater Noida: अखिलेश यादव की बेटी की आपत्तिजनक फोटो वायरल, 13 साल की लड़की ब्लैकमेलिंग से आत्महत्या

Digital harassment on the rise in Noida and Greater Noida: गौतमबुद्ध नगर जिले में सोशल मीडिया और साइबर ब्लैकमेलिंग की दो चौंकाने वाली घटनाएं सामने आई हैं, जो इलाके में महिलाओं-लड़कियों की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर रही हैं। एक तरफ पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की बेटी अदिति यादव की आपत्तिजनक फोटो वायरल कर परिवार की इज्जत को ठेस पहुंचाने की कोशिश की गई, तो दूसरी ओर सेक्टर-63 में 13 वर्षीय नाबालिग लड़की पड़ोसी के ब्लैकमेल से तंग आकर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। दोनों मामलों में पुलिस ने FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है, लेकिन अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है।

अखिलेश यादव की बेटी का मामला
ग्रेटर नोएडा के थाना सूरजपुर में जिला न्यायालय के आदेश पर अज्ञात आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। गौतमबुद्ध नगर जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष मनोज भाटी बोड़ाकी ने शिकायत की कि ‘इंडियन स्टोरी’ नामक सोशल मीडिया अकाउंट (X और फेसबुक) से अदिति यादव की आपत्तिजनक फोटो पोस्ट की गई, जिस पर 100 से ज्यादा अश्लील कमेंट्स किए गए। इससे परिवार को गंभीर मानसिक आघात पहुंचा और सामाजिक प्रतिष्ठा को नुकसान हुआ।
पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धाराएं 151, 356, 356(3), 354-सी और आईटी एक्ट की धारा 66-ई व 67 के तहत मामला दर्ज किया है। थाना प्रभारी विनोद कुमार ने बताया कि तकनीकी टीम की मदद से आरोपी की पहचान की जा रही है। जांच जारी है।


नोएडा सेक्टर-63 में आत्महत्या
13 वर्षीय लड़की की दर्दनाक आत्महत्या
नोएडा सेक्टर-63 की एक कॉलोनी में रहने वाली महोबा जिले की 13 साल की सातवीं कक्षा की छात्रा (गरीब परिवार, किराए के मकान में) ने शनिवार रात फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। परिवार के मुताबिक, पड़ोसी युवक और उसके दोस्तों ने लड़की की फोटो-वीडियो बनाकर ब्लैकमेल किया और दोस्तों के साथ शारीरिक संबंध बनाने का दबाव डाला। लड़की ने अपनी डायरी में इनके नाम लिखे थे और सुसाइड नोट भी छोड़ा।
भाई ने लव जिहाद का आरोप लगाते हुए हत्या का केस दर्ज कराने की मांग की गई है। थाना सेक्टर-63 पुलिस ने FIR दर्ज कर चार टीमें गठित की हैं। एसीपी प्रथम उमेश यादव ने कहा, “आरोपी फरार हैं, छापेमारी जारी है। जल्द गिरफ्तारी होगी।” शव का पोस्टमॉर्टम कराया जा चुका है। इलाके में स्थानीय लोगों और हिंदू संगठनों ने विरोध प्रदर्शन भी किया।

दोनों घटनाएं एक ही मुद्दे की ओर इशारा
ये दोनों मामले नोएडा-ग्रेटर नोएडा में साइबर क्राइम के बढ़ते स्वरूप को उजागर करते हैं—मॉर्फ्ड फोटो वायरल करना, ब्लैकमेलिंग और शारीरिक शोषण का दबाव। राजनीतिक परिवार हो या आम गरीब परिवार, सोशल मीडिया की दुष्प्रयोग से कोई भी सुरक्षित नहीं। पुलिस दोनों मामलों में तकनीकी जांच (IP ट्रेसिंग, अकाउंट डिटेल्स) कर रही है, लेकिन सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स की जिम्मेदारी भी सवालों के घेरे में है।

पुलिस की अपील और सलाह
गौतमबुद्ध नगर पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि ऐसी घटनाओं में तुरंत थाने में शिकायत करें या साइबर क्राइम हेल्पलाइन 1930 पर संपर्क करें। अभिभावकों को बच्चों के सोशल मीडिया उपयोग पर नजर रखने और प्राइवेसी सेटिंग्स सख्त करने की सलाह दी गई है। दोनों मामलों की जांच तेजी से चल रही है। आगे की अपडेट्स के लिए पुलिस की आधिकारिक सूचना का इंतजार है। यह घटनाएं डिजिटल सुरक्षा कानूनों को और सख्त बनाने की जरूरत को रेखांकित करती हैं।

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