वेनेजुएला बुधवार रात एक के बाद एक आए दो शक्तिशाली भूकंपों से दहल गया। राजधानी कारकास समेत देश के उत्तरी इलाकों में कई इमारतें ज़मींदोज़ हो गईं। अमेरिकी भूगर्भीय सर्वेक्षण संस्था (USGS) के मुताबिक पहला भूकंप 7.2 तीव्रता का था, जो सान फेलिप शहर के पास आया, और महज़ 39-40 सेकंड बाद ही 7.5 तीव्रता का दूसरा, ज़्यादा शक्तिशाली भूकंप युमारे क़स्बे के नज़दीक आया। पहला भूकंप कारकास से लगभग 284 किलोमीटर पश्चिम में सान फेलिप के पास, जबकि दूसरा भूकंप राजधानी से लगभग 293 किलोमीटर पश्चिम में युमारे के पास आया। विशेषज्ञों के अनुसार, यह सदी का सबसे शक्तिशाली भूकंप है जिसने वेनेजुएला को झकझोरा है। USGS के आँकड़ों के अनुसार, वेनेजुएला में रिकॉर्ड पर सबसे बड़ा भूकंप 1900 में आया था, जब 7.7 तीव्रता का भूकंप राजधानी कारकास के पास उत्तरी तट से टकराया था। बुधवार के भूकंपों का केंद्र उसी क्षेत्र के काफ़ी नज़दीक था।
हताहतों की संख्या लगातार बढ़ रही
समाचार एजेंसी अल जज़ीरा के अनुसार अब तक कम से कम 32 लोगों की मौत हो चुकी है और सैकड़ों लोग घायल हुए हैं, जबकि यह संख्या बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। चिंताजनक बात यह है कि अमेरिकी भूगर्भीय सर्वेक्षण संस्था ने अनुमान लगाया है कि हताहतों की संख्या 10,000 से 1,00,000 के बीच हो सकती है। फ़ाल्कोन प्रांत के गवर्नर विक्टर क्लार्क ने बताया कि उनके राज्य में मलबे में 15 लोगों की तलाश जारी है, जबकि 35 अन्य घायल हुए हैं।
वेनेजुएला सरकार ने घोषित की राष्ट्रीय आपातकाल
कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज़ ने देश को संबोधित करते हुए आपातकाल की घोषणा की, हालाँकि उन्होंने तत्काल मृतकों या घायलों का कोई सटीक आँकड़ा साझा नहीं किया। उन्होंने यह भी बताया कि अब तक 20 बार झटके (आफ्टरशॉक्स) महसूस किए जा चुके हैं। गृह मंत्री डिओस्दादो काबेयो ने बताया कि कारकास के अल्तामीरा इलाके में हालात बेहद चिंताजनक हैं, जहाँ कई घर और इमारतें ढह गई हैं। उन्होंने नागरिकों से एम्बुलेंस और राहत वाहनों को रास्ता देने तथा बच्चों व बुज़ुर्गों का विशेष ध्यान रखने की अपील की। कारकास का सिमोन बोलिवार अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट क्षतिग्रस्त होने के कारण बंद कर दिया गया है और सभी उड़ानें स्थगित कर दी गई हैं। मेट्रो सेवाएँ, बिजली और संचार व्यवस्था भी कई इलाकों में बाधित हुई हैं। भूकंप के बाद कैरिबियाई क्षेत्र के लिए सुनामी की चेतावनी जारी की गई थी, जिसे बाद में अमेरिकी सुनामी चेतावनी प्रणाली ने वापस ले लिया, यह स्पष्ट करते हुए कि अब कोई सुनामी का ख़तरा नहीं है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार “जैसे डरावनी फ़िल्म का सीन”
कारकास के निवासियों ने इस घटना को अपने जीवन का सबसे भयावह अनुभव बताया। एक स्थानीय दुकानदार ने बताया कि वह एक शॉपिंग सेंटर की सबसे ऊपरी मंज़िल पर थी जब झटके आए और उसे आपातकालीन सीढ़ियों से बाहर निकाला गया। एक बैंक कर्मचारी ने बताया कि दीवारें टूट गईं और छत से सामान गिरने लगा — मंज़र किसी डरावनी फ़िल्म जैसा था। भूगर्भशास्त्रियों के अनुसार वेनेजुएला कैरिबियन और दक्षिण अमेरिकी टेक्टोनिक प्लेटों के मिलन बिंदु पर स्थित है, जिससे यह क्षेत्र भूकंप के लिहाज़ से बेहद संवेदनशील है। कारकास शहर एक गहरी अवसादी घाटी (sedimentary basin) में बसा है, जिससे भूकंपीय लहरों का प्रभाव और भी बढ़ जाता है।
अमेरिका और पड़ोसी देशों ने मदद की पेशकश की
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया पर लिखा कि अमेरिका वेनेजुएला की मदद के लिए “तैयार और सक्षम” है तथा उन्होंने सभी सरकारी एजेंसियों को तेज़ी से कार्रवाई के लिए तैयार रहने का निर्देश दिया है। अमेरिकी विदेश विभाग ने बचाव दल और मानवीय सहायता टीमें भेजने की पुष्टि की है। इसके अलावा अल साल्वाडोर के राष्ट्रपति नायिब बुकेले ने 300 बचावकर्मियों और 50 टन राहत सामग्री भेजने की घोषणा की है, जबकि कोलंबिया और अन्य लातिन अमेरिकी देशों ने भी एकजुटता जताई है। राहत और बचाव अभियान अब भी पूरे ज़ोर पर जारी है, और अधिकारियों ने आगाह किया है कि आफ्टरशॉक्स की वजह से क्षतिग्रस्त इमारतों के पास जाने से बचा जाए। मृतकों और लापता लोगों की वास्तविक संख्या आने वाले घंटों में स्पष्ट होने की उम्मीद है।

