ईरान युद्ध में नई आग: कुवैत एयरपोर्ट पर हमला, उड़ानें सस्पेंड, तेल की कीमतें आसमान पर 

ईरान और अमेरिका-इजराइल गठबंधन के बीच चल रहे युद्ध में बुधवार को नई हिंसक घटनाएं सामने आई हैं। ईरानी ड्रोन और मिसाइल हमले में कुवैत इंटरनेशनल एयरपोर्ट के टर्मिनल-1 को नुकसान पहुंचा, जिसके बाद कुवैत ने सभी उड़ानें अनिश्चितकाल के लिए सस्पेंड कर दीं। इस हमले में कई लोग घायल हुए। क्षेत्रीय तनाव के बीच तेल की कीमतें भी एक फीसदी से अधिक बढ़ गई हैं, जबकि शांति वार्ताएं ठप पड़ी हुई हैं। कुवैत की राज्य समाचार एजेंसी और सैन्य सूत्रों के अनुसार, ईरानी हमले में एयरपोर्ट की इमारत को भारी नुकसान पहुंचा। कुवैत एयरवेज ने भी अपनी उड़ानें रोक दीं। कुवैत ने इस हमले की निंदा की है और इसे अपनी संप्रभुता पर हमला बताया। अमेरिकी सेना के मुताबिक, कुवैत और बहरीन पर किए गए कई ईरानी हमलों को रोका गया, लेकिन कुवैत एयरपोर्ट पर ड्रोन हमला सफल रहा। ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने इसे अमेरिकी ठिकानों पर हमलों का जवाब बताया।

तेल बाजार में उथल-पुथल

इस तनाव के चलते वैश्विक तेल की कीमतें बढ़ गई हैं। ब्रेंट क्रूड एक फीसदी से ज्यादा चढ़कर 94-95 डॉलर प्रति बैरल के आसपास पहुंच गया। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के लगभग बंद होने और ऊर्जा आपूर्ति बाधित होने से वैश्विक अर्थव्यवस्था पर दबाव बढ़ रहा है। अमेरिका ने ईरान के क़ेश्म द्वीप पर हमले किए, जबकि ईरान ने क्षेत्रीय लक्ष्यों पर मिसाइल दागे। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया कि ईरान के साथ बातचीत जारी है, लेकिन ईरानी मीडिया के अनुसार पिछले कई दिनों से कोई संवाद नहीं हुआ। ट्रंप ने कहा, “वार्ताएं लगातार चल रही हैं।” वहीं, अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने संसद में कहा कि ईरान के परमाणु कार्यक्रम को रोकना प्राथमिकता है, और सैंक्शंस में छूट केवल तभी संभव है जब तेहरान अपनी परमाणु गतिविधियां छोड़े।

लेबनान में उड़ान सुरक्षा की चिंता

क्षेत्रीय युद्ध के प्रभाव लेबनान तक भी पहुंच गए हैं। लेबनान के एविएशन रेगुलेटर ने फ्लैग कैरियर मिडिल ईस्ट एयरलाइंस (MEA) की सुरक्षा ऑडिट शुरू कर दी है। पायलटों के अंतरराष्ट्रीय संगठन IFALPA ने शिकायत की कि MEA के पायलट्स को युद्ध क्षेत्र के पास उड़ान भरने के लिए मजबूर किया जा रहा है और सुरक्षा घटनाओं की रिपोर्ट करने पर उन्हें सजा दी जाती है। MEA ने कहा कि उसकी सुरक्षा रिकॉर्ड मजबूत है और सभी उड़ानें जोखिम मूल्यांकन के आधार पर संचालित की जाती हैं। हालांकि, इजरायली हमलों के कारण बेरूत एयरपोर्ट के पास पहले भी घटनाएं हो चुकी हैं। लेबनान के आर्थिक संकट के बीच MEA ने एविएशन कर्मचारियों को वित्तीय सहायता दी है, जिसे लेकर भी सवाल उठे हैं।

युद्ध का व्यापक प्रभाव

यह युद्ध फरवरी 2026 से चल रहा है और अब तक हजारों लोगों की जान जा चुकी है। लेबनान में इजरायल-हिजबुल्लाह संघर्ष भी जारी है। संयुक्त राष्ट्र और UNICEF ने मानवीय संकट की चेतावनी दी है, क्योंकि आपूर्ति श्रृंखला बाधित होने से कई देशों में सहायता पहुंचना मुश्किल हो गया है। विश्लेषकों का कहना है कि अगर शांति वार्ताएं जल्द नहीं शुरू हुईं तो तेल संकट गहरा सकता है और वैश्विक मुद्रास्फीति बढ़ेगी। कुवैत, बहरीन और अन्य खाड़ी देशों में सुरक्षा अलर्ट जारी हैं। स्थिति तेजी से बदल रही है। सभी उड़ान यात्री संबंधित एयरलाइंस और अधिकारियों से नवीनतम जानकारी लेने की सलाह दी जाती है।

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