Iran-Israel War: ईरानी मीडिया और अंतरराष्ट्रीय समाचार एजेंसियों के अनुसार, तेहरान स्थित उनके परिसर पर हुए सटीक हमले में 86 वर्षीय आयतुल्ला अली खामेनेई मारे गए। उनके साथ उनके परिवार के सदस्य, जिनमें उनकी बेटी और पोता शामिल हैं, के भी मारे जाने की खबर है। इसके अतिरिक्त, रिवोल्यूशनरी गार्ड (IRGC) के कमांडर, रक्षा मंत्री और सुरक्षा परिषद के सचिव जैसे कम से कम 40 शीर्ष ईरानी अधिकारियों की भी इस हमले में मृत्यु हुई है।
कुल मौतों का आंकड़ा और प्रभावित क्षेत्र
ईरानी रेड क्रिसेंट सोसाइटी (Iranian Red Crescent Society) द्वारा जारी आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार:
- कुल मौतें: अब तक 201 लोगों के मारे जाने की पुष्टि हुई है।
- घायल: लगभग 747 लोग गंभीर रूप से घायल हैं।
- प्रभावित प्रांत: ईरान के 31 में से 24 प्रांतों पर बमबारी की गई है, जिससे पूरे देश में दहशत का माहौल है।
स्कूली बच्चों पर हमला: मीनाब में भारी तबाही
सबसे दुखद घटना दक्षिणी ईरान के मीनाब (Minab) शहर में हुई, जहाँ एक प्राथमिक बालिका विद्यालय (Shajarah Tayyiba Girls’ School) पर मिसाइल गिरी।
- इस हमले में कम से कम 100 से 148 बच्चों और नागरिकों के मारे जाने की आशंका जताई जा रही है।
- ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियान ने इसे “बर्बर हमला” करार दिया है।
इज़राइल और अन्य देशों में नुकसान
ईरान ने इस हमले के जवाब में इज़राइल और अमेरिकी ठिकानों पर सैकड़ों मिसाइलें और ड्रोन दागे हैं:
- इज़राइल: तेल अवीव में एक इमारत पर मिसाइल गिरने से 1 महिला की मौत हो गई और 20 से अधिक लोग घायल हुए हैं।
- खाड़ी देश: ईरान के जवाबी हमलों का असर दुबई, दोहा और मनामा में भी देखा गया है। दुबई एयरपोर्ट के पास हुए धमाकों में कुछ लोग घायल हुए हैं।
वर्तमान स्थिति
ईरान में 40 दिनों के शोक की घोषणा की गई है। खामेनेई की मौत के बाद ईरान में नेतृत्व का संकट पैदा हो गया है, और फिलहाल न्यायपालिका के प्रमुख और राष्ट्रपति अस्थायी रूप से कामकाज संभाल रहे हैं। वहीं, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चेतावनी दी है कि यदि ईरान ने और जवाबी कार्रवाई की, तो उसे “ऐसी ताकत का सामना करना होगा जो पहले कभी नहीं देखी गई।”

