हैंडओवर को लेकर हिमालया प्राइड में बवाल: ग्रेटर नोएडा वेस्ट (बिसरख पुलिस क्षेत्र) स्थित हिमालया प्राइड सोसायटी में शुक्रवार (3 अप्रैल 2026) को सोसायटी के हैंडओवर प्रक्रिया के दौरान तनावपूर्ण स्थिति उत्पन्न हो गई। निवासियों और बिल्डर के बीच गर्मागर्म बहस शुरू हो गई, जिसके बाद बड़ी संख्या में रेसिडेंट्स सोसायटी गेट पर जमा हो गए। मौके पर पुलिस पहुंच गई है और स्थिति अभी भी तनावपूर्ण बनी हुई है।
सोसायटी के निवासियों का आरोप है कि बिल्डर हैंडओवर प्रक्रिया में देरी कर रहा है और जरूरी दस्तावेज तथा सुविधाएं पूरी तरह हस्तांतरित नहीं कर रहा। लिफ्ट की बार-बार खराबी, मेंटेनेंस विवाद और अन्य बुनियादी मुद्दों को लेकर पहले से ही रेसिडेंट्स नाराज चल रहे थे। AOA (अपार्टमेंट ओनर्स एसोसिएशन) के सदस्यों ने कहा कि बिल्डर जानबूझकर हैंडओवर में अड़चनें डाल रहा है, जबकि बिल्डर पक्ष का कहना है कि AOA को मेंटेनेंस बकाया सेटल करके हैंडओवर लेना चाहिए। इस विवाद के दौरान सोसायटी गेट पर सैकड़ों निवासियों के जमा होने से हड़कंप मच गया। कुछ निवासियों ने बिल्डर पर तानाशाही और अनदेखी का आरोप लगाया। पुलिस की मौजूदगी में प्रदर्शन जारी है और दोनों पक्षों के बीच बातचीत चल रही है। अभी तक कोई हिंसक घटना की खबर नहीं है, लेकिन तनाव बना हुआ है।
बिसरख पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त बल तैनात किया है। सोसायटी में हाल के दिनों में लिफ्ट फंसने की कई घटनाएं सामने आई थीं, जिनमें बच्चे और महिलाएं घंटों फंसे रहे थे। इन घटनाओं ने निवासियों में पहले से ही सुरक्षा को लेकर आक्रोश बढ़ा रखा था।यह घटना ग्रेटर नोएडा वेस्ट में कई सोसायटियों में बिल्डर और रेसिडेंट्स के बीच लंबे समय से चले आ रहे विवादों की एक कड़ी है, जहां हैंडओवर, रजिस्ट्री, मेंटेनेंस और बुनियादी सुविधाओं को लेकर अक्सर तनाव देखा जाता है। प्रशासन और पुलिस दोनों पक्षों को शांत रहने की अपील कर रहे हैं। आगे की जांच और बातचीत से स्थिति सामान्य होने की उम्मीद है।
नोट: यह घटना आज (3 अप्रैल 2026) की है, इसलिए अभी आधिकारिक बयान या पूरी डिटेल्स सामने नहीं आई हैं। पुलिस और प्राधिकरण की आगे की कार्रवाई पर नजर बनी हुई है।

