फारूख अब्दुल्ला के ऐलान से इंडिया गठबंधन में बैचेनी, किसको होगा नुकसान…
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फारूख अब्दुल्ला के ऐलान से इंडिया गठबंधन में बैचेनी, किसको होगा नुकसान…

विपक्षी गठबंधन इंडिया अलायंस को एक के बाद एक झटके लग रहे है। इस बार जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री और नेशनल कॉन्फ्रेंस के प्रमुख फारूख अब्दुल्ला राज्य में अकेले चुनाव लड़ने का ऐलान कर दिया है। जिसके बाद इंडिया गठबंधन में बैचेनी बढ गई है। सबसे पहले ममजा बनर्जी ने बगावती तेवर दिखाए उसके बाद नीतिश कुमार ने बड़ा झटका दे दिया। वही अब फारूख अब्दुल्लाके ऐलान के बाद गठबंधन बिखरता दिख रहा है। उन्होंने एनडीए गठबंधन में शामिल होने के भी संकेत दिए हैं। मीडिया से बात करते हुए फारूख ने पीएम नरेंद्र मोदी की तरफ दोस्ती का हाथ भी बढ़ा दिया है। उन्होंने एनडीए में जाने का संकेत देते हुए कहा कि अगर पीएम मोदी या गृह मंत्री बुलाएंगे तो उनसे कौन नहीं बात करना चाहेगा। उन्होंने कहा कि राज्य में इंडिया गठबंधन में सीटों के बंटवारे पर बातचीत असफल हो गई है, इसलिए वो अलग से चुनाव लड़ेंगे।

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फारूख अब्दुल्ला ने श्रीनगर में कहा, मैं समझता हूं कि जम्मू-कश्मीर में विधानसभा और लोकसभा चुनाव एक साथ होंगे। जहां तक सीट शेयरिंग के फॉर्मूले की बात हैं तो बता दूं कि नेशनल कॉन्फ्रेंस अकेले चुनाव लड़ेगी और इस बारे में कोई गलतफहमी नहीं है। उन्होंने आगे कहा कि जम्मू-कश्मीर में भी इंडिया गठबंधन में एक बड़ी फूट पड़ गई है। उनकी पार्टी नेशनल कॉन्फ्रेंस राज्य में अकेले चुनाव लड़ेगी।

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ऐसे बिखरता चला गया विपक्षी गठबंधन

बता दें कि पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने राज्य में अकेले चुनाव लड़ने की घोषणा की है। पहले टीएमसी की ओर से कांग्रेस को दो सीटों का ऑफर दिया गया था, लेकिन कांग्रेस नेताओं की ओर से बयानबाजी के बाद ममता बनर्जी की पार्टी टीएमसी ने राज्य की 42 सीटों पर अकेले चुनाव लड़ने की घोषणा कर दी। उधर, पंजाब और दिल्ली में आम आदमी पार्टी भी अकेले चुनाव लड़ने का ऐलान कर चुकी है. आप ने पंजाब में सभी 13 लोकसभा सीटों पर अकेले उम्मीदवार उतारने की घोषणा की है। पहले । आप की ओर से कांग्रेस को 6 सीटों का ऑफर दिया गया था, लेकिन बाद में दोनों दलों के बीच बातचीत नहीं बनी जिसके बाद आम आदमी पार्टी ने अकेले चुनाव लड़ने का ऐलान कर दिया।

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