New Delhi news दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) ने करीब 128 करोड़ रुपये के फर्जी जीएसटी इनवॉइस रैकेट का पर्दाफाश करते हुए छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 51.12 लाख रुपये नकद, मोबाइल फोन, लैपटॉप, फर्जी दस्तावेज, सिम कार्ड और दो कारें बरामद की हैं।
पुलिस के अनुसार मामला मार्च 2026 में दर्ज किया गया था, जब एक व्यक्ति के आधार कार्ड, पेन कार्ड, बिजली बिल और बायोमेट्रिक जानकारी का दुरुपयोग कर उसके नाम पर फर्जी फर्म आर.के. एंटरप्राइजेज बनाई गई थी। जांच में पता चला कि पीड़ित को रोजगार दिलाने का झांसा देकर उसके दस्तावेजों का इस्तेमाल किया गया।
आगे की जांच में सामने आया कि फर्जी फर्म के जरिए करीब 128 करोड़ रुपये के लेनदेन किए गए और लगभग 10 करोड़ रुपये का फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) लिया गया। पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि इस नेटवर्क के जरिए लगभग 50 शेल कंपनियों का इस्तेमाल धन के लेनदेन और फर्जी जीएसटी प्रविष्टियों के लिए किया जा रहा था।
पुलिस ने विभिन्न स्थानों पर छापेमारी कर राज कुमार दीक्षित, अमर कुमार, विभाष कुमार मित्रा, नितिन वर्मा, मोहम्मद वसीम और आबिद को गिरफ्तार किया। जांच में राज कुमार दीक्षित को इस पूरे गिरोह का कथित मास्टरमाइंड बताया गया है।
पुलिस के अनुसार आरोपी फर्जी दस्तावेजों और नकली पहचान के जरिए शेल कंपनियां बनाकर बिना किसी वास्तविक कारोबार के फर्जी बिल जारी करते थे। इन कंपनियों का इस्तेमाल नकली जीएसटी रिटर्न दाखिल करने, फर्जी बिलिंग और गलत तरीके से टैक्स लाभ लेने में किया जाता था।
ईओडब्ल्यू ने बताया कि मामले में अन्य लाभार्थियों और नेटवर्क से जुड़े लोगों की पहचान के लिए जांच जारी है।
New Delhi news

