नोएडा। नोएडा प्राधिकरण ने आवासीय क्षेत्रों में नियमों का उल्लंघन कर संचालित की जा रही व्यावसायिक गतिविधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। प्राधिकरण का कहना है कि शहर के विभिन्न सेक्टरों में व्यापक सर्वे कराया जा रहा है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि किन-किन आवासीय भूखंडों पर दुकानों, शोरूम, कार्यालयों और अन्य व्यावसायिक गतिविधियों का संचालन किया जा रहा है। नियमों के विपरीत हो रही इन गतिविधियों पर अब कार्रवाई तय मानी जा रही है।
प्राधिकरण अधिकारियों के अनुसार, वर्तमान में सेक्टर-104 विशेष रूप से कार्रवाई के दायरे में है। यहां कई आवासीय भूखंडों पर आलीशान इमारतें बनाकर उनका उपयोग व्यावसायिक उद्देश्यों के लिए किए जाने की शिकायतें लंबे समय से मिल रही थीं। जांच में ऐसे कई मामलों के सामने आने के बाद प्राधिकरण ने संबंधित आवंटियों को नोटिस जारी करने की प्रक्रिया तेज कर दी है।
अधिकारियों का कहना है कि आवासीय भूखंडों का उपयोग केवल निर्धारित उद्देश्य के लिए ही किया जा सकता है। यदि किसी भूखंड पर बिना अनुमति दुकान, शोरूम, कार्यालय, क्लीनिक या अन्य व्यावसायिक गतिविधियां संचालित होती पाई गईं, तो इसे प्राधिकरण नियमों का उल्लंघन माना जाएगा और संबंधित आवंटी के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। प्राधिकरण की टीम विभिन्न सेक्टरों में स्थल निरीक्षण कर रही है। सर्वे के दौरान यह भी देखा जा रहा है कि किन भवनों का नक्शे के विपरीत निर्माण किया गया है और किन स्थानों पर आवासीय उपयोग की जगह व्यावसायिक गतिविधियां संचालित हो रही हैं। सर्वे रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
प्राधिकरण अधिकारियों का कहना है कि ऐसे सभी आवंटियों को नोटिस जारी किए जा रहे हैं जो नियमों की अनदेखी कर रहे हैं। नोटिस के माध्यम से उन्हें निर्धारित समय सीमा के भीतर स्थिति स्पष्ट करने और नियमों का पालन करने का अवसर दिया जाएगा। संतोषजनक जवाब नहीं मिलने या उल्लंघन जारी रहने की स्थिति में सीलिंग, जुर्माना, आवंटन निरस्तीकरण सहित अन्य कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है।
नोएडा प्राधिकरण का मानना है कि आवासीय क्षेत्रों में अनियंत्रित व्यावसायिक गतिविधियों के कारण ट्रैफिक, पार्किंग, सुरक्षा और नागरिक सुविधाओं पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। यही वजह है कि शहर में नियोजित विकास और मास्टर प्लान का पालन सुनिश्चित करने के लिए यह विशेष अभियान चलाया जा रहा है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि यह अभियान केवल सेक्टर-104 तक सीमित नहीं रहेगा। सर्वे पूरा होने के बाद जिन अन्य सेक्टरों में भी आवासीय भूखंडों का व्यावसायिक उपयोग मिलता है, वहां भी इसी प्रकार की कार्रवाई की जाएगी। प्राधिकरण का उद्देश्य शहर में भूमि उपयोग संबंधी नियमों का सख्ती से पालन कराना और आवासीय क्षेत्रों की मूल पहचान को बनाए रखना है।

