मुकरबा चौक अंडरपास: उत्तर दिल्ली के सबसे व्यस्त चौराहों में से एक मुकरबा चौक पर बन रहे बहुप्रतीक्षित अंडरपास का काम अब लगभग पूरा हो चुका है और जल्द ही इसे आम जनता के लिए खोल दिया जाएगा। पीडब्ल्यूडी मंत्री परवेश साहिब सिंह ने बुधवार को स्थल निरीक्षण के दौरान बताया कि परियोजना का 98 फीसदी काम पूरा हो चुका है और इसे इसी महीने के अंत तक यातायात के लिए खोला जाएगा।
तीन सुरंगें, एक समाधान
इस परियोजना में तीन सुरंगें बनाई गई हैं दोपहिया वाहनों के लिए, पैदल यात्रियों के लिए और चार पहिया वाहनों के लिए। इसे आउटर रिंग रोड पर मुकरबा चौक के पास उन्नत जैक-पुशिंग तकनीक से प्री-कास्ट रीइन्फोर्स्ड कंक्रीट बॉक्स स्ट्रक्चर का उपयोग करके बनाया गया है।
किन इलाकों को मिलेगा फायदा?
अंडरपास चालू होते ही रोहिणी और बदली जैसे इलाकों से आजादपुर और जहांगीरपुरी की ओर जाने वाले वाहनों को सीधी कनेक्टिविटी मिल जाएगी, जिससे व्यस्त मुकरबा चौक इंटरचेंज से गुजरने की मजबूरी खत्म हो जाएगी। अनुमान है कि रोजाना करीब 15,800 वाहन इस अंडरपास का इस्तेमाल करेंगे।
समय और ईंधन दोनों की बचत
परियोजना से प्रति वाहन यात्रा समय में 10 मिनट तक और दूरी में करीब 1 किलोमीटर की कमी आने का अनुमान है। इसके अलावा सालाना करीब 58,000 लीटर ईंधन की बचत होगी और लगभग 135 टन कार्बन डाइऑक्साइड उत्सर्जन घटेगा जो लगभग 810 पेड़ों की सालाना अवशोषण क्षमता के बराबर है।
2022 में हुआ था शिलान्यास, कई बार बढ़ी समय-सीमा
इस परियोजना का शिलान्यास 27 सितंबर 2022 को तत्कालीन पीडब्ल्यूडी मंत्री मनीष सिसोदिया ने किया था और तब इसे एक साल में पूरा करने की उम्मीद थी। बाद में समय सीमा पहले जून 2024 और फिर दिसंबर 2024 तक बढ़ाई गई। जमीन हस्तांतरण में देरी सहित कई तकनीकी अड़चनों की वजह से यह परियोजना लंबे समय तक अटकी रही।
बड़ी योजना का हिस्सा
दिल्ली पीडब्ल्यूडी ने मुकरबा चौक समेत पांच सबसे व्यस्त चौराहों आईटीओ, मेटकाफ हाउस, किंग्सवे कैंप और रिंग रोड के एक महत्वपूर्ण बिंदु को नए सिरे से डिजाइन करने की योजना बनाई है। इसके अलावा दिल्ली सरकार ने मुनक नहर के किनारे 20 किलोमीटर लंबी एलिवेटेड रोड बनाने का ऐलान किया है, जिसकी जिम्मेदारी NHAI को सौंपी गई है। इस परियोजना के पूरा होने के बाद यात्रा के समय में 40 फीसदी तक की कमी आने का अनुमान है। मुकरबा चौक दशकों से दिल्लीवासियों के लिए सिरदर्द बना रहा है। अब जाकर इस अंडरपास के खुलने से लाखों यात्रियों को राहत मिलने की उम्मीद है।

