कोलकाता। ब्राजील फुटबॉल टीम भारत के खिलाफ शनिवार को होने वाले मैत्री मुकाबले के लिए कोलकाता पहुंच चुकी है। शहर के साल्ट लेक स्टेडियम में विनीसियस जूनियर, एंड्रिक, ब्रूनो गिमारेस और मार्कीन्यो जैसे सितारे कोच कार्लो एंचेलोत्ती की अगुवाई में भारतीय टीम के सामने उतरेंगे। दशकों से कोलकाता का फुटबॉल प्रेम ब्राजील से गहरा जुड़ा रहा है। पेले, रोनाल्डो, रोनाल्डिन्हो और नेमार को लेकर चाय की दुकानों और क्लबों में होने वाली बहसें इस शहर की पहचान रही हैं। अब तक दूर से देखी जाने वाली यह टीम पहली बार साक्षात शहर में मौजूद है।
शहर में पोस्टर्स और सुरक्षा का कड़ा इंतजाम
शहरभर में ब्राजील और भारत के होर्डिंग लग चुके हैं, जिनमें मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी की तस्वीरें भी प्रमुखता से दिखाई दे रही हैं। साल्ट लेक स्टेडियम में बैरिकेडिंग, कड़ी सुरक्षा और नई सुविधाओं के साथ तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। करीब 2,500 पुलिसकर्मी और 20 आईपीएस अधिकारी तैनात किए गए हैं, जबकि केंद्रीय बल रिजर्व में रखे गए हैं। पिछले साल लियोनेल मेसी की यात्रा के दौरान हुई अव्यवस्था और दर्शकों के असंतोष को देखते हुए इस बार प्रशासन ने सुरक्षा और प्रवेश व्यवस्था को लेकर खास सतर्कता बरती है।
दुर्गा पूजा के बीच फुटबॉल का उत्साह
दुर्गा पूजा नजदीक होने के कारण शहर पहले से ही त्योहारी तैयारियों में व्यस्त है। कई इलाकों में पूजा बैनर और सजावट के बीच ब्राजील की मौजूदगी का एहसास कम होता दिख रहा है, लेकिन मैदान और फुटबॉल बाजार के आसपास माहौल अलग है, जहां ब्राजील और भारत दोनों टीमों की जर्सियों की जमकर बिक्री हो रही है।
टिकट कीमतों को लेकर नाराजगी
आम दर्शकों के लिए टिकट की कीमत 999 रुपये से 15,000 रुपये तक रखी गई थी, जिसके चलते कई फुटबॉल प्रेमी स्टेडियम तक नहीं पहुंच पाएंगे। हालांकि अखिल भारतीय फुटबॉल महासंघ (एआईएफएफ) ने मोहन बागान, ईस्ट बंगाल और मोहम्मडन स्पोर्टिंग के जरिए 14,000 से अधिक रियायती टिकट भी उपलब्ध कराए हैं।
भारतीय टीम के लिए बड़ी चुनौती
कोच खालिद जमील की टीम पनामा के खिलाफ 1-1 से ड्रॉ के बाद इस मुकाबले में उतरेगी। जमील ने कहा कि ब्राजील जैसी मजबूत टीम के खिलाफ टीम को सतर्क रहकर खेलना होगा और किसी भी गलती की भारी कीमत चुकानी पड़ सकती है।
एंचेलोत्ती ने की होमवर्क की बात
ब्राजील कोच कार्लो एंचेलोत्ती ने भारत के पनामा के खिलाफ मैच को देखा है और स्ट्राइकर रेयान विलियम्स को खतरनाक खिलाड़ी बताया। उन्होंने कहा कि यह मुकाबला उनकी टीम के लिए सिर्फ एक टेस्ट नहीं, बल्कि एक बड़ा अवसर है।
मीडिया एक्रेडिटेशन पर सवाल
ब्राजील की ट्रेनिंग सेशन के दौरान सैकड़ों पत्रकार पहुंचे, लेकिन एक्रेडिटेशन कार्ड समय पर न मिलने से नाराजगी भी देखी गई। वहीं सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स को विशेष पहुंच दिए जाने पर भी सवाल उठे हैं। शहर अब इंतजार कर रहा है कि आयोजन की व्यवस्थाएं नहीं, बल्कि मैदान पर होने वाला फुटबॉल ही आज की रात की असली कहानी बने।
यह भी पढ़ें: सपा का बड़ा आरोप, CEC वोट चोरी करवा रहे, बेटी DM बूथ कैप्चरिंग में शामिल; कल पुतला दहन

