Berlin Tiergarten Attack: अमेरिका के सिएटल शहर में रविवार को एक बड़ी घटना सामने आई, जब वार्षिक फूड फेस्टिवल “Bite of Seattle” के दौरान सिएटल सेंटर में गोलीबारी हो गई। इस घटना में तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि चार अन्य लोग घायल हुए हैं। यह जानकारी स्थानीय अधिकारियों ने दी है।
शाम 6 बजे के बाद हुई घटना
सिएटल फायर डिपार्टमेंट के अनुसार, घटना की सूचना मिलते ही शाम करीब 6 बजे बचाव दल मौके पर पहुंचा। अधिकारियों ने बताया कि जब पुलिस मौके पर पहुंची, तब दो लोग आपस में एक-दूसरे पर गोलियां चला रहे थे। इनमें से एक व्यक्ति मौके से फरार हो गया, जिसकी तलाश अब भी जारी है। राहत और बचाव टीमों ने दो लोगों को बचाने की भरपूर कोशिश की, लेकिन दोनों को घटनास्थल पर ही मृत घोषित कर दिया गया। बाद में एक और व्यक्ति की अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई, जिससे मृतकों की कुल संख्या तीन हो गई।
घायलों की स्थिति
यूनिवर्सिटी ऑफ वॉशिंगटन मेडिसिन के हार्बरव्यू मेडिकल सेंटर के अनुसार, एक महिला की हालत गंभीर बताई गई और उसकी सर्जरी की जा रही थी। इसके अलावा एक नाबालिग बच्चा, 23 वर्षीय पुरुष और 39 वर्षीय महिला की हालत स्थिर बताई गई है। वहीं एक 40 वर्षीय महिला को मामूली चोटें आईं, जिसने अस्पताल जाने से इनकार कर दिया।
मेयर ने जताया दुख
सिएटल की मेयर कैटी विल्सन ने बताया कि एक संदिग्ध को हिरासत में ले लिया गया है, हालांकि उसके बारे में अभी और जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है। मेयर विल्सन ने इस घटना को “भयावह हिंसा” करार देते हुए कहा कि प्रभावित परिवार अपने जीवन के सबसे कठिन पल से गुजर रहे हैं और पूरा समुदाय यह समझने की कोशिश कर रहा है कि संस्कृति, जुड़ाव और खुशी के लिए आयोजित एक कार्यक्रम गोलीबारी में कैसे बदल गया।
जांच में जुटीं एजेंसियां
सिएटल पुलिस विभाग मामले की जांच कर रहा है। इसके अलावा ब्यूरो ऑफ अल्कोहल, टोबैको, फायरआर्म्स एंड एक्सप्लोसिव्स (ATF) के कई एजेंट भी मौके पर पहुंचे। घटनास्थल से दो हथियार बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, घटना वाली जगह के आसपास कोई सीसीटीवी कैमरा नहीं था, इसलिए आम जनता से जानकारी साझा करने की अपील की गई है। FBI को भी इस घटना की जानकारी दे दी गई है। Bite of Seattle हर साल आयोजित होने वाला एक लोकप्रिय फूड फेस्टिवल है, जिसमें कई फूड स्टॉल और लाइव म्यूजिक शो होते हैं। जर्मनी की राजधानी बर्लिन में शनिवार को LGBTQ+ समुदाय के प्रतिष्ठित आयोजन “क्रिस्टोफर स्ट्रीट डे” के दौरान भीड़ पर वाहन चढ़ाने के आरोपी संदिग्ध को रविवार को पुलिस मुठभेड़ में मार गिराया गया। बर्लिन पुलिस ने इसकी पुष्टि की है।
कैसे हुई मुठभेड़
बर्लिन पुलिस के बयान के अनुसार, संदिग्ध को शाम करीब 6 बजे स्पांडाऊ इलाके के एक एलॉटमेंट गार्डन परिसर में देखा गया। पुलिस के अनुसार, वह चाकू जैसे हथियार के साथ अधिकारियों की ओर दौड़ा, जिसके बाद SEK बर्लिन यूनिट को गोली चलानी पड़ी। बर्लिन फायर डिपार्टमेंट की तत्काल कोशिशों के बावजूद, उसे मौके पर ही मृत घोषित कर दिया गया। पुलिस ने संदिग्ध की पहचान जर्मन गोपनीयता कानून के तहत केवल आद्याक्षर से “अब्दुल बी.” के रूप में बताई थी।
हमले की पूरी घटना
जर्मन गृह मंत्री अलेक्जेंडर डोब्रिंट के अनुसार, संदिग्ध ने शनिवार रात करीब 10 बजे टियरगार्टन इलाके में भीड़ पर वाहन चढ़ा दिया, जिसके बाद उसने राहगीरों पर धारदार हथियार, संभवतः मशीट, से हमला किया। इस हमले में एक व्यक्ति की मौत हुई और घायलों की संख्या शुरुआती 17 से बढ़कर 29 हो गई, जिनमें से कई गंभीर रूप से घायल बताए गए। डोब्रिंट ने इसे “इस्लामी आतंकवादी हमला” करार दिया। उन्होंने बताया कि संदिग्ध लेबनानी मूल का जर्मन नागरिक था, जो जर्मनी में ही पैदा हुआ था। उसका आपराधिक रिकॉर्ड रहा है और वह कट्टरपंथी इस्लामी हलकों से जुड़ा हुआ था। डोब्रिंट के अनुसार, उसे पहले बर्लिन में एक साल दस महीने की सजा सुनाई गई थी, जिसे बाद में पैरोल में बदल दिया गया था, और अभियोजकों ने इस फैसले के खिलाफ अपील की थी।
आयोजन और प्रतिक्रिया
क्रिस्टोफर स्ट्रीट डे यूरोप के सबसे बड़े LGBTQ+ आयोजनों में से एक है, जिसमें लाखों लोग शामिल होते हैं। हमले के बाद पुलिस ने शनिवार रात का बाकी कार्यक्रम रद्द कर दिया था। जर्मन चांसलर फ्रेडरिक मैर्त्स ने इस हमले को “जघन्य कृत्य” बताते हुए कहा कि दुनियाभर से आए लोग शांतिपूर्वक इस आयोजन का हिस्सा बन रहे थे और यह पूरे समाज पर हमला है।

