Twisha Sharma Case: भोपाल। 12 मई 2026 की रात 9:36 बजे पूर्व मॉडल और अभिनेत्री ट्विशा शर्मा ने अपनी परिचित (ननद) राशि अबरोल को व्हाट्सऐप पर संदेश भेजा— “उससे कहो कि अपनी पत्नी के बचे हुए हिस्से को कल ले जाए। लेकिन अभी मुझे शांति से मरने दो।”
सीबीआई की चार्जशीट के अनुसार, इस संदेश से कुछ मिनट पहले ट्विशा फोन पर रो रही थीं और पति समर्थ सिंह के आक्रामक व्यवहार की शिकायत कर रही थीं। मैसेज के महज चार मिनट बाद सीसीटीवी में वह अकेली टैरेस की ओर जाती दिखीं। अगले ही मिनट उन्होंने पिता को व्हाट्सऐप कॉल किया और रोते हुए कहा— “पापा, समर्थ आक्रामक हो गया है, आप और मां जल्दी आ जाओ।” इसके बाद मां से भी बात हुई, लेकिन कुछ देर बाद फोन नहीं उठा। सीबीआई की चार्जशीट और सीसीटीवी फुटेज से मौत से पहले के इन 79 मिनटों की पूरी टाइमलाइन सामने आई है।
आखिरी 79 मिनटों की टाइमलाइन
सीबीआई की लगभग 600-636 पन्नों की चार्जशीट (अगस्त 2026 में दायर) में 12 मई की घटना को विस्तार से रिकॉर्ड किया गया है:
करीब 7:51 बजे: ट्विशा ने राशि अबरोल को फोन कर बताया कि वह घर लौटना चाहती हैं। उन्होंने समर्थ पर करीब 20 लाख रुपये के निवेश को चीनी शेयर बाजार में लगाने का दबाव बनाने का आरोप लगाया।
करीब 9:20 बजे: राशि से दोबारा बातचीत के दौरान ट्विशा रो रही थीं। उन्होंने समर्थ के आक्रामक व्यवहार का जिक्र किया।
9:36 बजे: राशि को वह निर्णायक मैसेज भेजा।
9:40 बजे: सीसीटीवी में ट्विशा ग्राउंड फ्लोर से अकेली टैरेस की ओर जाती दिखीं।
9:41 बजे: पिता को फोन— समर्थ आक्रामक और हिंसक हो गया है, डर लग रहा है, जल्दी आओ।
करीब 10:05 बजे: मां से बात, फिर फोन कट गया।
10:16-10:23 बजे के आसपास: सीसीटीवी में सास गिरिबाला सिंह और समर्थ टैरेस की ओर जाते दिखे।
इसके बाद ट्विशा को नीचे लाया गया और एम्स भोपाल ले जाया गया, जहां रात करीब 10:55 बजे उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। दो पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट्स में मौत को एंटी-मॉर्टम हैंगिंग (फांसी) बताया गया है। सीबीआई ने हत्या के आरोपों को खारिज करते हुए मानसिक क्रूरता और आत्महत्या के लिए उकसाने का केस बनाया है।
मौत से पहले के कई दिन: प्रेग्नेंसी, प्रताड़ना और घर छोड़ने की कोशिश
चार्जशीट के मुताबिक, ट्विशा की परेशानी सिर्फ 12 मई तक सीमित नहीं थी। 30 अप्रैल से प्रेग्नेंसी को लेकर विवाद शुरू हुआ। ट्विशा ने प्रेग्नेंसी जारी नहीं रखने की इच्छा जताई। एमटीपी (मेडिकल टर्मिनेशन ऑफ प्रेग्नेंसी) की प्रक्रिया चली। 6-8 मई के बीच दोनों डोज ली गईं, जिसके बाद दर्द और ब्लीडिंग हुई। इस दौरान समर्थ के कथित तानों और आक्रामक व्यवहार का जिक्र है।
7 मई को मां को मैसेज— भोपाल से ले जाओ, समर्थ के साथ नहीं रहना चाहतीं। 9 और 11 मई को भी मां और राशि को कई संदेश भेजे गए, जिनमें मानसिक प्रताड़ना, घुटन और डर का जिक्र था। 12 मई को ट्विशा ने पिता से तीन हजार रुपये मंगवाकर नसीराबाद (माता-पिता के पास) की टिकट भी बुक की थी। उसी दिन कपल काउंसलिंग भी हुई थी। सीबीआई ने समर्थ और गिरिबाला सिंह (पूर्व जिला जज) के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धाराओं 85, 108, 3(5) आदि के साथ दहेज निषेध अधिनियम की धाराओं में चार्जशीट दायर की है। एजेंसी का कहना है कि लगातार मानसिक क्रूरता ने ट्विशा को इस हद तक पहुंचा दिया कि उनके पास आत्महत्या के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा।
लंबित रिपोर्ट्स और अदालती प्रक्रिया
जांच अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुई है। ट्विशा के आईफोन की डेटा एक्सट्रैक्शन रिपोर्ट, सीसीटीवी डीवीआर की फोरेंसिक रिपोर्ट और आवाज तुलना की रिपोर्ट अभी लंबित हैं। दहेज संबंधी पहलुओं पर भी आगे की जांच जारी है। 29 अगस्त को भोपाल कोर्ट में सुनवाई तय थी, लेकिन संबंधित जज के छुट्टी पर होने के कारण नहीं हो सकी। अब 31 अगस्त को अगली सुनवाई है। इसमें ट्रायल कोर्ट तय होने की संभावना है। ट्विशा शर्मा (पूर्व मिस पुणे, मॉडल-एक्ट्रेस) की शादी दिसंबर 2025 में समर्थ सिंह से हुई थी। मई 2026 में भोपाल के कातारा हिल्स स्थित ससुराल में उनकी संदिग्ध मौत ने पूरे मामले को राष्ट्रीय सुर्खियों में ला दिया था। परिवार का आरोप हत्या का भी रहा, लेकिन सीबीआई ने चार्जशीट में आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला ही मजबूत किया है।

