थाना सेक्टर-63 के हौज़री कॉम्प्लेक्स स्थित D-139 (शौर्य एक्सपोर्ट) व D-140 (ईगल बिजनेस कॉर्पोरेशन) नामक बैग व गारमेंट निर्माण करने वाली कंपनियों में आज दोपहर आग लगने की सूचना पर दमकल एवं पुलिस बलों ने तड़के प्रभावी कार्रवाई कर घटना पर नियंत्रण पा लिया। सूचना मिलने के बाद कुल 15 से 16 फायर टेंडर मौके पर भेजे गए थे और आग पूरी तरह बुझा दी गई। मौके पर सीएफओ गौतमबुद्धनगर समेत अन्य पुलिस अधिकारी भी मौजूद रहे। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार किसी भी तरह की जनहानि नहीं हुई है।
घटनाक्रम: स्थानीय सूत्रों के अनुसार लगभग दोपहर के आसपास फायर सर्विस यूनिट को कॉल कर बताया गया कि हौज़री कॉम्प्लेक्स के C-139/C-140 में आग लगी है। घटनास्थल पर पहुंचकर दमकल दल ने स्थिति का जायजा लिया, तब आग पहले से काफी फैल चुकी थी। गौतमबुद्धनगर के सीएफओ ने बताया कि नजदीकी फायर स्टेशनों के अलावा गाजियाबाद से भी गाड़ियाँ मंगाई गईं तथा निजी कंपनियों के फायर टेंडरों की सहायता भी ली गई। कुल मिलाकर 15-16 गाड़ियों और बहादुर कर्मचारियों के ब्रेथिंग सेट व अन्य सुरक्षा उपकरणों की मदद से राहत कार्य किया गया।
आग की सम्भावित वजह और प्रभावित क्षेत्र: सीएफओ के अनुसार प्राथमिक जांच में आग सेटबैक में रखे सामान तथा एसी और इलेक्ट्रिकल पैनल में किसी एक कारण से लगी प्रतीत होती है। दोनों प्रभावित इकाइयाँ गारमेंट व बैग निर्माण से सम्बंधित हैं, जिससे इमारत में सूखे कपड़े व अन्य जला सकने योग्य वस्तुएँ होने के कारण आग तीव्रता से फैली। आग का असर ग्राउंड फ्लोर, पहले और दूसरे तल तक देखा गया, किन्तु दमकलकर्मियों की प्राथमिकता आसपास की अन्य इकाइयों में आग न फैलने पर थी, जिसमें वे सफल रहे।
राहत और बचाव कार्य: दमकलकर्मियों ने भरसक प्रयास कर आग को घेरकर फैले क्षेत्र को सीमित किया और अंततः पूरी तरह आग बुझा दी। मौके पर मौजूद पुलिस अधिकारियों ने परिसर को घेरकर राहत व बचाव कार्य को व्यवस्थित किया। कोई भी व्यक्ति घायल या हताहत नहीं पाया गया; संभवित तौर पर कर्मियों और कर्मचारियों की समय पर निकासी तथा सजगता की वजह से बड़ी दुर्घटना टल गई।
आगे की कार्रवाई: पुलिस व फायर सर्विस की टीमों ने प्रारंभिक रूप से वहाँ के विद्युत कनेक्शन व सीसीटीवी फुटेज के माध्यम से आग लगने की वास्तविक वजह का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी है। प्रशासन ने प्रभावित फैक्ट्रियों के मालिकों से संपर्क कर क्षति का आकलन करने को कहा है। साइत तौर पर सुरक्षा मानकों की जांच और भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचने के लिये सुझाव दिए जाने की संभावना है।
सीएफओ का बयान: गौतमबुद्धनगर के सीएफओ प्रदीप कुमार ने घटनास्थल से बताया, “हमें लगभग 2:00 बजे सूचना मिली थी। हमने अलग-अलग फायर स्टेशनों, गाजियाबाद और निजी कंपनियों से गाड़ियाँ बुलवाईं। हमारे बहादुर कर्मचारी ब्रेथिंग सेट पहनकर अंदर जाकर उपलब्ध उपकरणों से आग पर काबू पाए। आग सेटबैक में रखे सामान और एसी/इलेक्ट्रिकल पैनल से फैलने की आंशका है। आसपास की कंपनियों में आग नहीं फैलने दी गई। आग पूरी तरह बुझा दी गई है और कोई हताहत नहीं हुआ है।” स्थानीय प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि घटनास्थल पर धुआँ और जलते हुए सामान की गंध के कारण कई लोगों ने आसपास के इलाकों से दूरी बनाए रखी। दमकल और पुलिस की उपस्थिति से स्थानीय वाहनों की आवाजाही प्रभावित रही, किन्तु कुछ ही घंटों में स्थिति सामान्य हो गई।
प्रशासनिक निर्देश: घटना की सूचना मिलने के बाद क्षेत्रीय अधिकारी निरीक्षण हेतु घटनास्थल पर पहुँचे हुए हैं और प्रभावित इकाइयों के लिए आवश्यक राहत व सुरक्षा दिशा-निर्देश जारी किए जाने की संभावना है। आगे की आधिकारिक जानकारी और क्षति का विस्तृत आकलन आने वाले सूचनाक्रम में साझा किया जाएगा।

