निर्देशक प्रियदर्शन की फिल्म ‘हैवान’ मलयालम सुपरहिट ‘ओप्पम’ का हिंदी रूपांतरण है। कहानी में सैफ अली खान का किरदार श्याम, अक्षय कुमार के बदला लेने पर उतारू किरदार परशुराम के खिलाफ खड़ा नजर आता है। फिल्म में दोनों कलाकारों का अभिनय प्रभावी है और बीच-बीच में हल्के-फुल्के हास्य के पल भी दर्शकों को गुदगुदाते हैं। हालांकि, फिल्म की सुस्त रफ्तार और असमान रूप से गढ़ा गया खतरे का माहौल इसे कमजोर कर देता है, जिसके चलते यह थ्रिलर अपने असली रोमांच तक पहुंचने में काफी वक्त लगा देती है।
2. लास्ट मैन इन टावर
हेडलाइन: लास्ट मैन इन टावर रिव्यू: मनोज बाजपेयी और दिव्या का दमदार अभिनय, इंसानी फितरत की गहरी पड़ताल
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मेटा डिस्क्रिप्शन: लास्ट मैन इन टावर मूवी रिव्यू: मनोज बाजपेयी की यह फिल्म मुंबई के एक रीडेवलपमेंट विवाद पर आधारित है, जिसमें एक बुजुर्ग निवासी अपना घर बेचने से इनकार कर देता है।
समीक्षा:
मनोज बाजपेयी अभिनीत ‘लास्ट मैन इन टावर’ मुंबई की एक इमारत के पुनर्विकास को लेकर छिड़े विवाद की कहानी है, जिसमें एक निवासी अपनी संपत्ति बेचने से साफ इनकार कर देता है और अकेले ही पूरी व्यवस्था के खिलाफ डट जाता है।
फिल्म एक साधारण संपत्ति विवाद को दबाव, अकेलेपन और लालच के गहरे मनोवैज्ञानिक अध्ययन में बदल देती है। मनोज बाजपेयी और दिव्या दोनों का अभिनय इंसानी व्यवहार की बारीकियों को बेहद प्रभावशाली ढंग से पर्दे पर उतारता है, जो फिल्म को खास बनाता है।
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