अतीक अहमद गैंग नोएडा संपत्ति कुर्की: माफिया डॉन अतीक अहमद और उसके गिरोह की अवैध संपत्तियों पर कार्रवाई का सिलसिला जारी है। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) अब नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना अथॉरिटी क्षेत्र में गैंग की करोड़ों रुपये की संपत्तियों को कुर्क करने की तैयारी में जुट गया है। जांच एजेंसी ने इन तीनों अथॉरिटीज से संबंधित संपत्तियों की विस्तृत जानकारी मांगी है, जिसके सत्यापन का काम तेजी से चल रहा है।
प्रयागराज पुलिस की सूची पर ईडी की कार्रवाई
प्रयागराज पुलिस ने ईडी को एक विस्तृत सूची सौंपी है, जिसमें मुंबई, गाजियाबाद, लखनऊ के साथ-साथ नोएडा क्षेत्र में अतीक गैंग की करोड़ों रुपये की संपत्तियों का जिक्र है। ईडी की ओर से भेजी गई इस सूची के आधार पर नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना अथॉरिटी में सत्यापन शुरू हो गया है। जांच एजेंसी उन लोगों की आय के स्रोत, इनकम टैक्स रिटर्न और अन्य दस्तावेजों की भी गहन पड़ताल कर रही है, जिनके नाम पर ये प्रॉपर्टी खरीदी गई हैं। अपराध से अर्जित संपत्ति साबित होने पर इन्हें भी कुर्क किया जाएगा। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, गैंगस्टर एक्ट के तहत जांच के दौरान अतीक से जुड़े कई गुर्गों की बेनामी संपत्तियों का पता चला है। कुछ गुर्गों ने माफिया की पुरानी संपत्तियां बेचकर अन्य शहरों में नई प्रॉपर्टी खरीदी है।
पहले भी हो चुकी है कुर्की
गौरतलब है कि नोएडा में अतीक अहमद की एक संपत्ति पहले ही कुर्क की जा चुकी है। फरवरी 2024 में प्रयागराज पुलिस ने सेक्टर-36 नोएडा में स्थित अतीक की करीब 3.7 करोड़ रुपये की हाउस को गैंगस्टर एक्ट के तहत कुर्क किया था। यह कार्रवाई उमेश पाल हत्याकांड से जुड़ी जांच के दौरान हुई थी। अब नए दस्तावेजों के आधार पर गैंग की और संपत्तियों पर नजर है। हाल ही में प्रयागराज प्रशासन ने अतीक गैंग से जुड़े सहयोगियों के कब्जे से 38 बीघा ग्राम सभा भूमि (100 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य) को मुक्त कराया है। ईडी की पिछली रेड्स में भी गैंग से जुड़े बिल्डर्स, चार्टर्ड अकाउंटेंट्स और अन्य लोगों के ठिकानों पर छापेमारी की गई थी, जिसमें नकदी और प्रॉपर्टी दस्तावेज जब्त किए गए थे। ईडी की इस कार्रवाई से अतीक अहमद के अवैध साम्राज्य को और बड़ा झटका लगने वाला है। जांच एजेंसी का फोकस बेनामी लेन-देन, आय के गलत स्रोत और मनी लॉन्ड्रिंग पर है। सूत्र बताते हैं कि जांच आगे बढ़ने पर और नई जानकारियां सामने आ सकती हैं, जिसके आधार पर अतिरिक्त संपत्तियों पर कार्रवाई की जाएगी। यह कार्रवाई उत्तर प्रदेश में माफिया और अपराधी तत्वों की संपत्तियों पर सख्ती का हिस्सा मानी जा रही है। आम जनता और स्थानीय प्रशासन में भी इसे सकारात्मक कदम के रूप में देखा जा रहा है। ईडी की आगे की कार्रवाई और कुर्की की सूची पर नजर रखें।

