ग्रेटर नोएडा। इलाहाबाद हाई कोर्ट ने ग्रेटर नोएडा वेस्ट की सुपरटेक इकोविलेज-1 सोसाइटी के प्रस्तावित AOA (अपार्टमेंट ओनर्स एसोसिएशन) चुनाव पर रोक लगा दी है। कोर्ट ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि जब तक परियोजना के डीड ऑफ़ डिक्लेरेशन में सुधार नहीं हो जाता, तब तक चुनाव संपन्न न कराया जाए।
डिप्टी रजिस्ट्रार से मांगा जवाब
सुपरटेक इकोविलेज-1 के निवासियों की ओर से दाखिल याचिका पर सुनवाई करते हुए जस्टिस सिद्धार्थ नंदन ने डिप्टी रजिस्ट्रार से पूछा कि क्या परियोजना के डीड ऑफ़ डिक्लेरेशन में सुधार किया गया है या नहीं। कोर्ट ने यह भी कहा कि निर्वाचन अधिकारी डीड ऑफ़ डिक्लेरेशन में सुधार किए बिना चुनाव प्रक्रिया को आगे नहीं बढ़ाएंगे।
क्या है पूरा विवाद
याचिका दाखिल करने वाले निवासियों के अनुसार, डीड ऑफ़ डिक्लेरेशन में छोटे और बड़े, सभी फ्लैटों का वोटिंग पर्सेंटेज बराबर दिखाया गया है। निवासियों का कहना है कि वोटिंग पर्सेंटेज फ्लैट के आकार के अनुपात में तय होना चाहिए। उनका यह भी कहना है कि मौजूदा व्यवस्था यूपी अपार्टमेंट एक्ट के नियमों के विरुद्ध है।
निवासियों ने स्पष्ट किया कि कोई भी निवासी चुनाव के खिलाफ नहीं है, लेकिन चुनाव न्यायसंगत विधि से कराया जाना चाहिए।
अनुरोध के बावजूद आगे बढ़ती रही चुनाव प्रक्रिया
सोसाइटी में चुनाव के लिए डिप्टी रजिस्ट्रार, गाज़ियाबाद ने अगस्त 2025 में आदेश जारी किया था। चुनाव प्रक्रिया शुरू होने के बाद निवासियों ने डिप्टी रजिस्ट्रार और नामित निर्वाचन अधिकारी से फ्लैट के आकार के अनुसार वोटिंग पर्सेंटेज के आधार पर चुनाव कराने का अनुरोध किया। निवासियों के मुताबिक, दोनों ने यह कहते हुए साफ इंकार कर दिया कि डीड ऑफ़ डिक्लेरेशन में सुधार कराना उनका काम नहीं है और चुनाव मौजूदा व्यवस्था के अनुसार ही कराया जाएगा। सभी फ्लैटों का वोटिंग पर्सेंटेज समान होने से निवासियों में रोष था। सुधार के बिना चुनाव प्रक्रिया आगे बढ़ाए जाने पर उन्होंने हाई कोर्ट का रुख किया, जहां से उन्हें राहत मिली।

