नोएडा (उत्तर प्रदेश): यदि आप नोएडा में कोई फ्लैट, प्लॉट या कमर्शियल प्रॉपर्टी खरीदने या बेचने की योजना बना रहे हैं, तो आपके लिए ‘ट्रांसफर मेमोरेंडम’ (TM) सबसे महत्वपूर्ण दस्तावेज है। नोएडा प्राधिकरण के नियमों के मुताबिक, सिर्फ रजिस्ट्री कराना काफी नहीं है; प्राधिकरण के रिकॉर्ड में मालिकाना हक बदलने के लिए TM लेना अनिवार्य है। यहाँ हम आपको विस्तार से बता रहे हैं कि ट्रांसफर मेमोरेंडम की प्रक्रिया क्या है और आपको किन बातों का ख्याल रखना चाहिए।
क्या होता है ट्रांसफर मेमोरेंडम (TM)?
सरल शब्दों में कहें तो, यह नोएडा प्राधिकरण द्वारा जारी किया गया वह सर्टिफिकेट है जो यह पुष्टि करता है कि प्रॉपर्टी अब पुराने मालिक (Transferor) से नए मालिक (Transferee) के नाम पर ट्रांसफर हो चुकी है। इसके बिना आप भविष्य में न तो प्रॉपर्टी बेच पाएंगे और न ही उस पर लोन ले सकेंगे।
ट्रांसफर मेमोरेंडम की पूरी प्रक्रिया (Step-by-Step)
- ऑनलाइन आवेदन: सबसे पहले नोएडा प्राधिकरण की आधिकारिक वेबसाइट (नोटा ऑनलाइन पोर्टल) पर जाकर लॉगिन करना होता है। यहाँ आपको ‘Transfer of Property’ सेक्शन में आवेदन करना होगा।
- दस्तावेज अपलोड करना: आवेदन के साथ सभी आवश्यक दस्तावेजों की स्कैन कॉपी अपलोड करनी होती है।
- चालान जनरेशन और शुल्क: आवेदन के बाद प्राधिकरण द्वारा ट्रांसफर चार्ज का चालान जनरेट किया जाता है। इसे ऑनलाइन जमा करना होता है।
- दस्तावेजों की जांच: प्राधिकरण के संबंधित विभाग (जैसे आवासीय, औद्योगिक या वाणिज्यिक विभाग) आपके दस्तावेजों की जांच करते हैं।
- TM जारी होना: यदि सभी कागज सही पाए जाते हैं और कोई बकाया (Dues) नहीं है, तो प्राधिकरण ‘ट्रांसफर मेमोरेंडम’ जारी कर देता है। अब इसे डिजिटल रूप से डाउनलोड किया जा सकता है या कार्यालय से प्राप्त किया जा सकता है।
जरूरी दस्तावेजों की सूची
आवेदन करते समय इन कागजों को तैयार रखें:
- सेल डीड/रजिस्ट्री की कॉपी: उप-निबंधक (Sub-registrar) कार्यालय में की गई रजिस्ट्री की कॉपी।
- नो ड्यूज सर्टिफिकेट (NDC): संबंधित हाउसिंग सोसाइटी या अथॉरिटी से यह प्रमाण कि बिजली, पानी और मेंटेनेंस का कोई बिल बकाया नहीं है।
- केवाईसी (KYC): क्रेता और विक्रेता दोनों के आधार कार्ड और पैन कार्ड।
- फोटोग्राफ: दोनों पक्षों के पासपोर्ट साइज फोटो।
- पजेशन सर्टिफिकेट और अलॉटमेंट लेटर: प्रॉपर्टी के मूल आवंटन पत्र की कॉपियां।
- शपथ पत्र (Affidavit): निर्धारित प्रारूप में क्रेता और विक्रेता द्वारा दिया गया हलफनामा।
आवेदन से पहले ध्यान रखने योग्य महत्वपूर्ण बातें
- बकाया राशि की जांच: सुनिश्चित करें कि प्रॉपर्टी पर कोई लीज रेंट या अन्य पेनल्टी बकाया न हो। यदि कोई बकाया है, तो TM आवेदन अटक सकता है।
- सिग्नेचर मिलान: विक्रेता के हस्ताक्षर प्राधिकरण के रिकॉर्ड में मौजूद हस्ताक्षरों से मेल खाने चाहिए।
- अनाधिकृत निर्माण: यदि प्रॉपर्टी में नक्शे के विपरीत कोई अवैध निर्माण है, तो प्राधिकरण TM रोकने या पेनल्टी लगाने का अधिकार रखता है।
- समय सीमा: रजिस्ट्री होने के बाद एक निश्चित समय के भीतर TM के लिए आवेदन कर देना चाहिए, अन्यथा विलंब शुल्क (Late Fee) देना पड़ सकता है।
नोएडा में निवेश सुरक्षित करने के लिए ट्रांसफर मेमोरेंडम की प्रक्रिया को नजरअंदाज न करें। यह आपकी संपत्ति को कानूनी रूप से मजबूत बनाता है। हालांकि प्रक्रिया अब काफी हद तक ऑनलाइन हो गई है, लेकिन किसी भी तकनीकी खामी से बचने के लिए दस्तावेजों की सावधानीपूर्वक जांच जरूरी है।
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