Greater Noida West Gaur Sons Construction Factory: ग्रेटर नोएडा वेस्ट के रोजा जलालपुर गांव से गाजियाबाद जाने वाले रास्ते पर स्थित गौर संस (गौर ग्रुप) की कंस्ट्रक्शन फैक्ट्री (बैचिंग प्लांट/कास्टिंग यार्ड) से निकलने वाली धूल ने स्थानीय निवासियों का जीना मुहाल कर दिया है। यहां ढलाई के लिए सीमेंट मिक्सचर तैयार किया जाता है और सामग्री खुले में रखी जाने के कारण इलाके में लगातार धूल का गुबार छाया रहता है। निवासियों का कहना है कि उन्होंने ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी को कई बार लिखित शिकायतें कीं, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।

स्थानीय लोग बताते हैं कि यह बैचिंग प्लांट गौर ग्रुप के प्रोजेक्ट्स के लिए रेडी मिक्स कंक्रीट तैयार करता है। खुले में रखी रेत, गिट्टी और सीमेंट की वजह से हवा चलते ही धूल पूरे इलाके में फैल जाती है, जिससे सांस की बीमारियां, एलर्जी और आंखों में जलन जैसी समस्याएं बढ़ रही हैं। बच्चों और बुजुर्गों पर सबसे ज्यादा असर पड़ रहा है। रास्ते से गुजरने वाले वाहन भी धूल से प्रभावित हो रहे हैं।
हालांकि ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी ने हाल के महीनों में प्रदूषण नियंत्रण के लिए सख्त कदम उठाए हैं। दिसंबर 2025 में बिल्डर्स पर 78 लाख रुपये से अधिक का जुर्माना लगाया गया था। जनवरी 2026 में सड़कों पर धूल की जांच की गई और GRAP नियमों के तहत कई साइट्स पर कार्रवाई भी हुई। लेकिन रोजा जलालपुर के इस प्लांट पर अब तक कोई ध्यान नहीं दिया गया। निवासी जल्द कार्रवाई की मांग कर रहे हैं, जैसे सामग्री को कवर करना, वॉटर स्प्रिंकलर लगाना और धूल नियंत्रण उपाय अपनाना।
ग्रेटर नोएडा वेस्ट में कंस्ट्रक्शन एक्टिविटी बढ़ने से धूल प्रदूषण एक आम समस्या बनी हुई है। अथॉरिटी से उम्मीद है कि शिकायतों पर जल्द ध्यान दिया जाएगा।

