स्थानीय लोगों ने तुरंत आग की सूचना फायर ब्रिगेड को दी। नोएडा फायर सेवा की तीन गाड़ियों की टीम मौके पर पहुंची और करीब आधे घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया। दुकान में रखा ज्यादातर ज्वलनशील सामान जलकर राख हो गया, लेकिन आसपास की दुकानों और मकानों को नुकसान पहुंचने से बचा लिया गया।
नोएडा के मुख्य अग्निशमन अधिकारी (CFO) प्रदीप कुमार ने बताया, “थाना बिसरख क्षेत्र के शाहबेरी में आग की सूचना मिलते ही तत्काल तीन फायर टेंडर भेजे गए। टीम ने तेजी से काम किया और आग पर नियंत्रण पा लिया। एक व्यक्ति को पहली मंजिल से सुरक्षित निकाला गया। प्रारंभिक जांच में शॉर्ट सर्किट या बिजली की लाइन में खराबी से आग लगने की आशंका है। कारणों की विस्तृत जांच की जा रही है।” रिहायशी इलाकों में व्यावसायिक दुकानों की सुरक्षा पर सवाल यह घटना एक बार फिर ग्रेटर नोएडा वेस्ट के गांवों में मकानों के ग्राउंड फ्लोर पर चल रही व्यावसायिक दुकानों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रही है। शाहबेरी सहित आसपास के कई इलाकों में पॉपुलर फर्नीचर-प्लाईवुड मार्केट है, जहां ज्वलनशील सामग्री भरी रहती है। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे मिश्रित इलाकों में फायर सेफ्टी ऑडिट अनिवार्य होना चाहिए।
ताजा अपडेट (दोपहर 4:45 बजे तक):
• आग पूरी तरह बुझ गई, कूलिंग ऑपरेशन चल रहा है। पुलिस और फायर विभाग ने संयुक्त जांच शुरू कर दी है।कई मीडिया चैनलों ने घटनास्थल से लाइव वीडियो और फोटो प्रसारित किए, जिनमें धुएं के गुबार और दमकल कर्मियों की बचाव कार्रवाई साफ दिख रही है। स्थानीय लोगों ने दमकल विभाग की त्वरित प्रतिक्रिया की सराहना की जा रही है।
सुरक्षा सलाह: उपभोक्ताओं और दुकानदारों को सलाह दी गई है कि बिजली के उपकरणों की नियमित चेकिंग कराएं, फायर एक्स्टिंग्विशर रखें और रिहायशी-व्यावसायिक मिश्रित इमारतों में फायर नोजल/हाइड्रेंट अनिवार्य रखें। सतर्क रहें, सुरक्षित रहें!

