Delhi Assembly winter session: दिल्ली विधानसभा का शीतकालीन सत्र सोमवार से शुरू हो गया है। यह आठवीं विधानसभा का चौथा सत्र है, जो 5 से 8 जनवरी तक चलेगा। सत्र के पहले दिन उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना ने अभिभाषण दिया, जिसमें दिल्ली सरकार की उपलब्धियों और 2026 के लिए प्रमुख योजनाओं पर प्रकाश डाला गया।
शीतकालीन सत्र के दूसरे दिन मंगलवार को सदन की कार्यवाही शुरू होते ही भारी हंगामा हुआ। भाजपा विधायकों ने आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल पर शिक्षकों से आवारा कुत्तों की गिनती कराने का झूठा आरोप लगाने का दावा करते हुए माफी की मांग की। इस मुद्दे पर नारेबाजी के कारण सदन की कार्यवाही पहले 30 मिनट के लिए और फिर दोपहर 1 बजे तक स्थगित कर दी गई।
कुत्तों की गिनती वाला विवाद क्या है?
विवाद की जड़ केजरीवाल के उस बयान में है जिसमें उन्होंने आरोप लगाया था कि भाजपा शासित नगर निगम (MCD) सरकारी स्कूलों के शिक्षकों से बच्चों को पढ़ाने की बजाय आवारा कुत्तों की गिनती करवा रहा है। भाजपा ने इसे पूरी तरह झूठ और भ्रामक प्रचार बताया। शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने केजरीवाल को पत्र लिखकर चुनौती दी कि यदि ऐसा कोई सर्कुलर या आदेश मौजूद है तो दिखाएं, अन्यथा सार्वजनिक रूप से माफी मांगें। भाजपा विधायकों, जिसमें अजय महावर और हरीश खुराना शामिल हैं, ने सदन में ‘‘केजरीवाल माफी मांगो’’ के जोरदार नारे लगाए। भाजपा का कहना है कि केजरीवाल ने शिक्षकों का अपमान किया और दिल्ली की जनता को गुमराह करने की कोशिश की। सरकार ने इस मामले में केजरीवाल के खिलाफ FIR दर्ज करने का भी ऐलान किया है।
हालांकि, सत्र की शुरुआत हंगामे से हुई। उपराज्यपाल के अभिभाषण के दौरान विपक्षी आम आदमी पार्टी (आप) के चार विधायकों – संजीव झा, सोम दत्त, कुलदीप कुमार और जरनैल सिंह – ने व्यवधान डाला, जिसके बाद उन्हें सत्र के शेष तीन दिनों के लिए निलंबित कर दिया गया।
प्रदूषण मुद्दे पर पहले दिन का हंगामा
सत्र के पहले दिन (सोमवार) दिल्ली के बढ़ते वायु प्रदूषण को लेकर आप विधायकों ने सदन में हंगामा किया था। आप विधायकों ने मास्क पहनकर प्रदूषण के खिलाफ प्रदर्शन किया और सरकार पर विफलता का आरोप लगाया। इस कारण सदन की कार्यवाही बाधित हुई, जिसके बाद स्पीकर विजेंद्र गुप्ता के आदेश पर चार आप विधायकों – संजीव झा, जरनैल सिंह, कुलदीप कुमार और सोम दत्त – को तीन दिन के लिए निलंबित कर दिया गया। निलंबन के विरोध में आप विधायकों ने सदन का बहिष्कार किया और विधानसभा परिसर में नारेबाजी की। आप का कहना है कि प्रदूषण के कारण अस्पतालों में मरीजों की संख्या बढ़ रही है और सरकार इस मुद्दे पर चर्चा से भाग रही है।
दोनों मुद्दे – आवारा कुत्तों की समस्या और वायु प्रदूषण – दिल्ली की सियासत में इन दिनों गरमाए हुए हैं। भाजपा का आरोप है कि आप इन मुद्दों पर ध्यान भटकाने की कोशिश कर रही है, जबकि आप सरकार पर जनता की समस्याओं को नजरअंदाज करने का इल्जाम लगा रही है। सत्र में आगे प्रदूषण पर चर्चा होने की संभावना है, लेकिन हंगामे के कारण कार्यवाही प्रभावित हो रही है।
सत्र में स्थानीय मुद्दों पर चर्चा की उम्मीद है, लेकिन विपक्ष और सत्तापक्ष के बीच तनाव से कार्यवाही प्रभावित हो सकती है। दिल्ली की जनता अब सरकार से प्रदूषण नियंत्रण, यमुना सफाई और बुनियादी सुविधाओं में सुधार की उम्मीद कर रही है।

