नई दिल्ली: भारत की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो ब्राजील की प्लेनमेकर एम्ब्रेयर से करीब 100 क्षेत्रीय जेट खरीदने की प्रारंभिक स्तर की बातचीत कर रही है। साथ ही करीब 50 और विमानों का विकल्प भी चर्चा में है। इस बारे में तीन सूत्रों ने रॉयटर्स को बताया। अगर यह सौदा पूरा होता है तो यह एम्ब्रेयर के लिए सबसे बड़े वाणिज्यिक ऑर्डरों में से एक बन सकता है। सूत्रों के अनुसार बातचीत अभी शुरुआती चरण में है और डील की गारंटी नहीं है। विमान का मॉडल और अंतिम संख्या अभी तय नहीं हुई है। डिलीवरी 2030 या उसके बाद शुरू होने की संभावना है। इंडिगो और एम्ब्रेयर ने इस रिपोर्ट पर तुरंत कोई टिप्पणी नहीं की।
सौदे का महत्व
सूची मूल्य पर 100 जेट का सौदा अरबों डॉलर का हो सकता है, हालांकि बड़े ऑर्डर में भारी छूट आम बात है। इंडिगो का वर्तमान बेड़ा सितंबर 2026 तक करीब 442 विमानों का है, जिसमें 44 एटीआर टर्बोप्रॉप शामिल हैं। एयरलाइन 2030 तक 600 से अधिक विमानों का लक्ष्य रखती है। ये क्षेत्रीय जेट छोटे शहरों और क्षेत्रीय मार्गों पर उड़ानें बढ़ाने या मौजूदा एटीआर विमानों को ज्यादा क्षमता वाले जेट से बदलने के काम आ सकते हैं। एम्ब्रेयर के ई175 में 88 तक, ई190-ई2 में 114 और ई195-ई2 में 146 यात्रियों की क्षमता है।
एम्ब्रेयर का भारत फोकस
एम्ब्रेयर भारतीय एयरलाइनों को अपने क्षेत्रीय जेट बेचने की कोशिश कर रहा है। कंपनी ने इस साल अदानी डिफेंस एंड एयरोस्पेस के साथ ई175 जेट की भारत में अंतिम असेंबली लाइन लगाने के लिए गैर-बाध्यकारी समझौता किया है। एम्ब्रेयर सीईओ फ्रांसिस्को गोम्स नेटो ने पहले कहा था कि भारत में असेंबली लाइन के लिए कम से कम 200 विमानों के ऑर्डर जरूरी हैं। बातचीत पहले भी रिपोर्ट हुई थी, लेकिन विमानों की संख्या और विकल्प पहली बार सामने आए हैं।

