लिसबन/मदीरा, फुटबॉल जगत के महानतम खिलाड़ियों में शुमार क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने गुरुवार को पुर्तगाल राष्ट्रीय टीम से संन्यास की घोषणा कर दी। 41 वर्षीय स्टार ने सोशल मीडिया पर एक भावुक वीडियो और विस्तृत बयान जारी कर 23 साल लंबे अंतरराष्ट्रीय करियर का पटाक्षेप कर दिया।
रोनाल्डो ने लिखा, “पुर्तगालियों, आज वह दिन आ गया है जब मैं सबकी टीम की 7 नंबर जर्सी वापस कर दूं। मैंने इसे कभी सिर्फ अपनी नहीं समझा। लेकिन 23 साल तक मुझे इसे पहनने, इसकी रक्षा करने और दुनिया भर के स्टेडियमों में ले जाने का सौभाग्य और जिम्मेदारी मिली। आज भविष्य को सौंपने का समय आ गया है। यह फैसला आसान नहीं था, क्योंकि कुछ फैसले सिर्फ दिमाग से नहीं, दिल से भी लिए जाते हैं।” अगस्त 2003 में शुरुआत करने वाले रोनाल्डो ने पुर्तगाल के लिए 234 मैच खेले और 146 गोल किए। वे अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल में सबसे ज्यादा मैच खेलने और सबसे ज्यादा गोल करने वाले खिलाड़ी हैं। उनके करियर की सबसे बड़ी उपलब्धियों में यूरो 2016 का खिताब और दो UEFA नेशंस लीग ट्रॉफी शामिल हैं।
बयान में उन्होंने टीममेट्स, कोचों, स्टाफ, परिवार और पुर्तगाल के लाखों प्रशंसकों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि गोल, कप और रिकॉर्ड समय के साथ मिट जाते हैं, लेकिन लोगों के दिलों में जगह हमेशा बनी रहती है। रोनाल्डो ने जोर दिया कि वे मैदान पर अब पुर्तगाल का प्रतिनिधित्व नहीं करेंगे, लेकिन देश के हर जीत-हार में दिल से शामिल रहेंगे। यह घोषणा नेशंस लीग के नवंबर के मैचों से पहले आई है। इससे पहले अक्टूबर में रोनाल्डो कोच जोर्ज जेसुस के साथ विवाद के बाद टीम कैंप छोड़ चुके थे, लेकिन तब उन्होंने संन्यास से इनकार किया था। अब उन्होंने अंतिम फैसला ले लिया है। रोनाल्डो का संदेश “अटे सेम्प्रे” (हमेशा के लिए) के साथ खत्म होता है। पुर्तगाल फुटबॉल अब नए युग की ओर बढ़ेगा, लेकिन क्रिस्टियानो रोनाल्डो की विरासत हमेशा जीवित रहेगी।

