26 थानों ने गाड़ा झंडा: नोएडा पुलिस का शानदार प्रदर्शन

Noida News: नोएडा पुलिस ने अपनी कार्यशैली में बदलाव के साथ साथ लोगों की समस्याओं के निस्तारण में अहम कदम उठाए। नतीजा है कि लगातार पूरे प्रदेश में गौतमबुद्ध नगर नंबर वन आ रहा है। ताज़ा मूल्यांकन रिपोर्ट (जनवरी 2026) के अनुसार, जनपद के 26 थानों ने पहली रैंकिंग प्राप्त की है। यह सफलता केवल शिकायतों को बंद करने तक सीमित नहीं है, बल्कि गुणवत्तापूर्ण निस्तारण और पीड़ित के संतोषजनक फीडबैक पर आधारित है।

शुक्रवार की समीक्षा: सफलता का मूल मंत्र

पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह के कुशल नेतृत्व में जिले की कार्यप्रणाली में एक बड़ा बदलाव आया है।

  • वीकली मॉनिटरिंग: प्रत्येक शुक्रवार को पुलिस कमिश्नर स्वयं आईजीआरएस (IGRS) पोर्टल पर लंबित शिकायतों की समीक्षा करती हैं।
  • फीडबैक पर जोर: केवल रिपोर्ट लगाना ही काफी नहीं है; शिकायतों के निस्तारण के बाद पीड़ित पक्ष से संपर्क कर उनकी संतुष्टि जांची जाती है।
  • समर्पित टीम: हर थाने में एक विशेष पुलिसकर्मी को केवल आईजीआरएस शिकायतों के त्वरित निस्तारण के लिए नियुक्त किया गया है।

रिकॉर्ड: कितनी बार रहा ‘नंबर वन’ का दबदबा?

गौतमबुद्ध नगर पुलिस के लिए पहले दो पायदान पर रहना अब एक परंपरा बन चुकी है। आंकड़ों पर नज़र डालें तो:

समयावधि रैंकिंग का विवरण मुख्य उपलब्धि
जनवरी 2026 प्रथम (1st) 26 थानों को मिली पहली रैंक।
दिसंबर 2025 प्रथम (1st) लगातार दबदबा कायम रखते हुए शीर्ष स्थान।
अगस्त 2025 प्रथम (1st) सभी 27 थानों ने पहली रैंक हासिल की थी।
मई 2025 प्रथम (1st) फीडबैक और संपर्क श्रेणी में शत-प्रतिशत अंक।
अप्रैल 2025 प्रथम (1st) 24 थानों की रैंकिंग अव्वल रही।
मार्च 2025 प्रथम (1st) सभी 27 थानों ने सर्वोच्च स्थान पाया था।

विशेष नोट: पिछले लगभग एक साल से अधिक समय (12+ माह) से नोएडा पुलिस लगातार प्रदेश की रैंकिंग में पहले या दूसरे पायदान पर बनी हुई है। अधिकांश महीनों में जिला प्रथम स्थान पर ही रहा है, जो उत्तर प्रदेश पुलिस के इतिहास में एक मिसाल है।

किन थानों ने मारी बाजी?

प्रमुख रूप से सेक्टर-20, सेक्टर-39, सेक्टर-63 बिसरख, फेस-3, दादरी, जेवर और सूरजपुर जैसे थानों ने लगातार अपना प्रदर्शन शीर्ष पर बनाए रखा है। हालांकि, कुछ थानों (जैसे नॉलेज पार्क और जारचा) को लेकर इस बार समीक्षा में कड़े निर्देश भी दिए गए हैं ताकि भविष्य में सुधार हो सके।

क्या है आईजीआरएस (IGRS)?

यह एकीकृत शिकायत निवारण प्रणाली (Integrated Grievance Redressal System) है, जहाँ नागरिक मुख्यमंत्री हेल्पलाइन, ऑनलाइन पोर्टल या सीधे पुलिस के माध्यम से अपनी शिकायत दर्ज कराते हैं। इसकी रैंकिंग सीधे मुख्यमंत्री कार्यालय (CM Office) द्वारा तय की जाती है।

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