Galgotias University Controversy: 18 वर्षीय बीटेक छात्र गौरव ने हॉस्टल में लगाई फांसी, मौत से पहले लड़की को भेजा व्हाट्सएप मैसेज; प्रेम प्रसंग की आशंका, पुलिस जांच में जुटी

Galgotias University Controversy: ग्रेटर नोएडा वेस्ट की एडब्ल्यूएचओ सोसायटी स्थित भगत सिंह हॉस्टल में गलगोटिया यूनिवर्सिटी के बीटेक प्रथम वर्ष के छात्र गौरव (18) का शव फंदे से लटका मिला। घटना मंगलवार को हुई, लेकिन बुधवार को पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। प्रारंभिक जांच में आत्महत्या लग रही है, लेकिन पुलिस प्रेम प्रसंग के एंगल से भी छानबीन भी कर रही है।

घटना की पूरी डिटेल
गौरव हरियाणा के रेवाड़ी जिले के जाटू थाना क्षेत्र का निवासी था। वह गलगोटिया यूनिवर्सिटी में बीटेक प्रथम वर्ष की पढ़ाई कर रहा था और भगत सिंह हॉस्टल के एक कमरे में रहता था। उसके तीन अन्य रूममेट छुट्टी पर घर गए हुए थे, इसलिए वह कमरे में अकेला था। हॉस्टल प्रबंधन को जब सूचना मिली, तब शव पंखे से लटका मिला। बीटा-2 कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची, दरवाजा तोड़कर शव उतारा और पंचनामा तैयार कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।

सुसाइड नोट नहीं, लेकिन मैसेज जरूर
पुलिस को कमरे में कोई सुसाइड नोट नहीं मिला। हालांकि, जांच में पता चला कि मौत से कुछ देर पहले गौरव ने एक युवती को व्हाट्सएप पर मैसेज भेजा था। मैसेज का पूरा कंटेंट अभी सार्वजनिक नहीं किया गया है, लेकिन पुलिस इसे “प्रेम प्रसंग” से जोड़कर देख रही है। बीटा-2 कोतवाली प्रभारी विनोद कुमार ने कहा, “हम सभी एंगल से जांच कर रहे हैं। कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR), मोबाइल डेटा और मैसेज की जांच चल रही है। रूममेट्स और दोस्तों से पूछताछ की जा रही है।”

परिजन और दोस्तों की प्रतिक्रिया
गौरव के दोस्तों ने बताया कि वह शांत स्वभाव का और मेहनती छात्र था। किसी को उसके मन में किसी तरह की परेशानी या दबाव की भनक नहीं लगी थी। परिवार के सदस्यों ने किसी भी मीडिया या पुलिस से बात करने से इनकार कर दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद उन्होंने शव अपने पैतृक गांव ले जाकर अंतिम संस्कार किया। परिवार की ओर से अभी तक लिखित शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है।

यूनिवर्सिटी कैंपस में सनसनी
घटना की सूचना मिलते ही पूरे गलगोटिया यूनिवर्सिटी कैंपस में हड़कंप मच गया। यूनिवर्सिटी प्रशासन ने अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है। पिछले कुछ महीनों में ग्रेटर नोएडा के विभिन्न हॉस्टलों में छात्रों की आत्महत्या की कई घटनाएं हो चुकी हैं, जिससे शिक्षा संस्थानों में मानसिक स्वास्थ्य और काउंसलिंग की मांग बढ़ गई है। पुलिस क्या कह रही है
पुलिस ने स्पष्ट किया कि प्रारंभिक तौर पर यह आत्महत्या ही लग रही है, लेकिन बिना किसी सबूत के किसी भी निष्कर्ष पर नहीं पहुंचा जा सकता। जांच पूरी होने के बाद ही सही कारण सामने आएगा। फिलहाल किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है।

नोट: छात्रों में बढ़ रहे मानसिक तनाव को देखते हुए अभिभावक और संस्थान दोनों को सतर्क रहना चाहिए। यदि कोई परेशान है तो मदद लें – राष्ट्रीय आत्महत्या रोकथाम हेल्पलाइन: 9152987821।
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