Dadri Assembly Constituency: उत्तर प्रदेश की राजनीति में दादरी विधानसभा क्षेत्र आज विकास और सुशासन के एक नए मॉडल के रूप में उभरकर सामने आया है। क्षेत्रीय विधायक तेजपाल सिंह नागर के नेतृत्व में पिछले 4 वर्षों के कार्यकाल को विकास का ‘स्वर्णिम दौर’ कहा जा रहा है। शिक्षा, स्वास्थ्य, बिजली और बुनियादी ढांचे जैसे हर महत्वपूर्ण क्षेत्र में ₹3925 करोड़ से अधिक के ऐतिहासिक कार्यों ने न केवल दादरी की तस्वीर बदली है, बल्कि यहाँ के आम नागरिक के जीवन स्तर को भी ऊपर उठाया है।
विकास का महा-बजट: प्राधिकरणों से बरसी सौगात
दादरी के चहुंमुखी विकास के लिए विभिन्न सरकारी निकायों और विकास प्राधिकरणों ने दिल खोलकर निवेश किया है। आंकड़ों पर नजर डालें तो विकास की यह धारा अभूतपूर्व रही है:
- ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण: क्षेत्र की सबसे बड़ी जीवनरेखा के रूप में ₹2952.24 करोड़ के कार्य संपन्न कराए।
- नोएडा प्राधिकरण: ₹492.04 करोड़ की लागत से शहरी और ग्रामीण बुनियादी ढांचे को मजबूत किया।
- पीडब्ल्यूडी (लोक निर्माण विभाग): ₹164.53 करोड़ से सड़कों का जाल बिछाया गया।
- विधायक निधि: विधायक तेजपाल सिंह नागर ने सीधे जनता की जरूरतों के लिए ₹23 करोड़ की धनराशि आवंटित की।
- नगर विकास: खुर्जा प्राधिकरण के माध्यम से दादरी नगर में ₹8.70 करोड़ के सौंदर्यीकरण और विकास कार्य हुए।
स्वास्थ्य क्रांति: अब नहीं जाना पड़ेगा दूर
दादरी के इतिहास में स्वास्थ्य सेवाओं पर सबसे बड़ा प्रहार करते हुए ₹205 करोड़ का भारी-भरकम निवेश किया गया है। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (CHC) का उन्नयन और आधुनिक अस्पतालों के निर्माण से अब स्थानीय निवासियों को गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए बड़े शहरों की दौड़ नहीं लगानी पड़ रही है। ‘स्वस्थ दादरी’ के संकल्प ने गरीब और मध्यम वर्ग को बड़ी राहत दी है।
सड़कों का जाल और मजबूत कनेक्टिविटी
कनेक्टिविटी को विकास का आधार मानते हुए सड़कों और पुलों पर विशेष ध्यान दिया गया:
- ₹165 करोड़ की लागत से सड़कों का चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण किया गया, जिससे व्यापारिक गतिविधियों को गति मिली।
- ₹9.43 करोड़ की लागत से नए पुलों का निर्माण किया गया, जिसने ग्रामीण अंचलों को मुख्य शहरों से सीधे जोड़ दिया है।
अन्नदाता का सम्मान: सिंचाई और बिजली में सुधार
विधायक तेजपाल सिंह नागर के प्रयासों से किसानों को सशक्त बनाने के लिए सिंचाई व्यवस्था पर ₹4.76 करोड़ खर्च किए गए। नहरों की सफाई और टेल तक पानी पहुँचाने के कार्यों ने कृषि पैदावार बढ़ाने में मदद की है। वहीं, ₹1.77 करोड़ की लागत से बिजली लाइनों का विस्तार और नए ट्रांसफार्मर लगाकर ‘रोशन दादरी’ के सपने को साकार किया गया है।
शिक्षा और युवा: भविष्य की तैयारी
क्षेत्र के युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए शिक्षा क्षेत्र में ₹93 करोड़ का बड़ा निवेश किया गया है। इसके अतिरिक्त, कौशल विकास और युवा सशक्तिकरण योजनाओं पर ₹20 करोड़ खर्च किए गए हैं, ताकि दादरी का युवा केवल नौकरी ढूंढने वाला नहीं, बल्कि नौकरी देने वाला भी बन सके।
सामाजिक सरोकार: मुख्यमंत्री राहत कोष से मदद
विकास केवल ईंट-पत्थरों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि मानवीय संवेदनाओं को भी प्राथमिकता दी गई। मुख्यमंत्री राहत कोष के माध्यम से क्षेत्र के गरीब परिवारों को गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए ₹5 करोड़ की सीधी सहायता प्रदान की गई। साथ ही, बेहतर ड्रेनेज के लिए ₹4 करोड़ की जल निकासी योजना पर कार्य किया गया।
“दादरी की जनता का विश्वास ही मेरी सबसे बड़ी पूंजी है। पिछले 4 वर्षों में हमारा एकमात्र लक्ष्य हर गांव और हर घर तक विकास की किरण पहुँचाना रहा है। ₹3925 करोड़ के ये कार्य केवल आंकड़े नहीं, बल्कि दादरी के सम्मान और समृद्धि की पहचान हैं।” — तेजपाल सिंह नागर, विधायक (दादरी)
निष्कर्ष
कुल मिलाकर, दादरी विधानसभा आज उत्तर प्रदेश के उन गिने-चुने क्षेत्रों में शामिल है जहाँ औद्योगिक विकास और ग्रामीण उत्थान साथ-साथ चल रहे हैं। विधायक के मजबूत विजन और सुशासन की नीति ने दादरी को विकास, विश्वास और प्रगति का एक ‘रोल मॉडल’ बना दिया है।

