साइबर ठग बन्टी गिरफ्तार: साइबर अपराधियों के खिलाफ जारी अभियान में थाना साइबर क्राइम कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर को एक और बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने शेयर मार्केट में निवेश कर मोटा मुनाफा कमाने का झांसा देकर करोड़ों की ठगी करने वाले शातिर अभियुक्त बन्टी कुमार (32 वर्ष), पुत्र कमल देव पोद्दार, निवासी जिला पूर्णिया (बिहार), को 24 मार्च 2026 को नोएडा से गिरफ्तार किया है।
कैसे होती थी ठगी?
एनसीआरपी पोर्टल पर दर्ज शिकायतों में प्रयुक्त संदिग्ध मोबाइल नंबरों की तकनीकी जांच और लोकल इंटेलिजेंस की सूचना के आधार पर पुलिस ने अभियुक्त तक पहुंच बनाई। साइबर ठगों का यह गिरोह व्हाट्सएप और टेलीग्राम के जरिए लोगों को फर्जी निवेश ग्रुप में जोड़ता था, फिर शेयर मार्केट में भारी मुनाफा दिखाकर उनसे करोड़ों रुपये ठग लेता था। अभियुक्त के बैंक खाते में ठगी से संबंधित 60 लाख रुपये की रकम मिली है और उसके खाते के खिलाफ एनसीआरपी पोर्टल पर 1 शिकायत दर्ज है। गिरफ्तार अभियुक्त के विरुद्ध थाना साइबर क्राइम नोएडा में मु.अ.सं.-54/2025 के अंतर्गत धारा 318(4), 319(2), 338, 336(3), 340(2), 61(2) BNS तथा धारा 66D IT Act के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया है। अभियुक्त के कब्जे से 2 मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं।
पूरे गिरोह पर कसा शिकंजा
उल्लेखनीय है कि इसी मामले में इससे पहले 14 अभियुक्तों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। यानी पुलिस एक-एक करके पूरे गिरोह को नेस्तनाबूद करने में जुटी है। पुलिस कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर की साइबर क्राइम टीम अब पूरे गिरोह की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है और इस मामले में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
नोएडा में साइबर ठगी का बढ़ता जाल
यह मामला अकेला नहीं है। नोएडा में साइबर ठगों ने शेयर ट्रेडिंग और डिजिटल अरेस्ट के नाम पर देशभर के लोगों से ठगी की है। एक मामले में तो आरोपी चीन में बैठे आकाओं के इशारे पर भारत में ठगी की रकम को इधर-उधर कर रहा था और उसके बैंक खातों से एक साल में 35 करोड़ का लेन-देन हुआ।
साइबर सुरक्षा के लिए पुलिस की अपील
पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि, व्हाट्सएप/कॉल पर आए किसी भी फर्जी इन्वेस्टमेंट ऑफर पर विश्वास न करें, अनजान लिंक कभी न खोलें, अपना आधार, पैन कार्ड या बैंक खाता किसी अनजान को न दें, साइबर ठगी होने पर तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें|

