‘Resort politics’ returns to Mumbai: ब्रिहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) चुनाव परिणामों के बाद महाराष्ट्र की सियासत में एक बार फिर ‘रिजॉर्ट पॉलिटिक्स’ की वापसी हो गई है। उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने अपनी शिवसेना के नवनिर्वाचित 29 कॉर्पोरेटर्स को मुंबई के पांच सितारा होटल ताज लैंड्स एंड (बांद्रा) में शिफ्ट कर दिया है। सूत्रों के मुताबिक, वे यहां तीन दिनों तक रहेंगे ताकि किसी तरह की पोचिंग (दल-बदल) की कोशिश न हो सके।
यह कदम BMC में सत्ता गठन और मेयर पद की नियुक्ति को लेकर चल रही गहन सौदेबाजी के बीच उठाया गया है। शिंदे गुट के नेता मेयर पद पर दावा ठोक रहे हैं, जबकि भाजपा सबसे बड़ी पार्टी होने के नाते अपना दावा मजबूत मान रही है।
BMC चुनाव परिणामों का बैकग्राउंड
227 वार्डों वाली BMC में महायुति गठबंधन ने स्पष्ट बहुमत हासिल किया है:
• भाजपा: 89 सीटें (2017 से बेहतर प्रदर्शन)
• शिंदे शिवसेना: 29 सीटें
• कुल महायुति: 118 सीटें (बहुमत अंक 114)
विपक्ष में:
• उद्धव ठाकरे की शिवसेना (UBT): 65 सीटें
• कांग्रेस: 24 सीटें
• अन्य: AIMIM 8, आदि
इस जीत ने ठाकरे परिवार का BMC पर लंबा प्रभुत्व खत्म कर दिया, जो देश की सबसे अमीर नगर निगम मानी जाती है।
शिंदे गुट की मांग: 2.5 साल के लिए मेयर पद
सूत्रों के अनुसार, शिंदे गुट मेयर पद की 2.5 साल की अवधि (कुल 5 साल के कार्यकाल में रोटेशन) की मांग कर रहा है। बाल ठाकरे की जन्म शताब्दी के मद्देनजर यह मांग और मजबूत बताई जा रही है। शिंदे ने कहा कि मेयर महायुति से ही होगा, लेकिन गुट के भीतर चर्चा है कि पद उनकी पार्टी को मिले।
कॉर्पोरेटर्स को होटल में रखने का मकसद एकजुटता बनाए रखना और रणनीति पर चर्चा करना है। यह 2022 की याद दिलाता है, जब शिंदे ने बगावत के दौरान विधायकों को सूरत-गुवाहाटी ले जाकर होटल में रखा था।
विपक्ष का तंज और उद्धव का बयान
उद्धव ठाकरे ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में चुनाव को ‘सबसे घिनौना’ बताते हुए सत्ता के दुरुपयोग का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, “मुंबई में शिवसेना का मेयर बनना अभी भी हमारा सपना है, लेकिन फिलहाल नंबर्स हमारे पक्ष में नहीं हैं।”
कांग्रेस नेता नसीर हुसैन ने शिंदे पर तंज कसा, “वे किससे डर रहे हैं? पोचिंग का अनुभव किसके पास है?” उन्होंने भाजपा पर सहयोगियों को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया।
आगे की स्थिति
अभी तक कोई अंतिम फैसला नहीं हुआ है। भाजपा और शिंदे गुट के बीच बातचीत जारी है। देवेंद्र फडणवीस और एकनाथ शिंदे की जोड़ी ने चुनाव में बड़ी जीत दिलाई है, इसलिए गठबंधन में दरार की संभावना कम है, लेकिन मेयर पद पर खींचतान तय है।
यह घटना महाराष्ट्र की सियासत में ‘होटल पॉलिटिक्स’ की पुरानी परंपरा को फिर उजागर करती है, जहां सत्ता के लिए नेता अपने विधायकों/कॉर्पोरेटर्स को लग्जरी होटलों में सुरक्षित रखते हैं।

